
Rajasthan Monsoon Update: जयपुर। राजस्थान में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। प्रदेश के पूर्वी हिस्सों में बारिश का दौर जारी है। पिछले 24 घंटे में अलवर, भरतपुर, डीग, दौसा, धौलपुर, जयपुर, भीलवाड़ा, करौली, टोंक, बारां, कोटा और झालावाड़ जिलों में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। वहीं बूंदी और सवाईमाधोपुर में कुछ स्थानों पर भारी से अतिभारी बारिश हुई।
मौसम विभाग ने आगामी दिनों में भी पूर्वी राजस्थान के कई जिलों में बारिश की गतिविधियां जारी रहने का अनुमान जताया है। 4 और 5 सितंबर को दक्षिण-पूर्वी और पूर्वी राजस्थान के कई हिस्सों में भारी बारिश होने की संभावना है। कोटा संभाग में कुछ स्थानों पर अतिभारी बारिश को लेकर भी चेतावनी दी गई है।
झालावाड़ जिले के कई इलाकों में शुक्रवार सुबह करीब तीन घंटे तक तेज बारिश हुई। लगातार बारिश के चलते कालीसिंध डैम का एक गेट और छापी बांध के चार गेट खोलकर पानी की निकासी की जा रही है। इधर, राजधानी जयपुर में सुबह से ही घने बादल छाए रहे। टोंक रोड, बजाज नगर और मानसरोवर सहित कई इलाकों में हल्की बारिश हुई। बारिश के चलते मौसम सुहावना हुआ और लोगों को गर्मी से राहत मिली।
सवाईमाधोपुर में बारिश का दौर जारी है। मानपुर कस्बे के बाजार में सड़क पर पानी नदी की तरह बहता नजर आया। कई इलाकों में दो से तीन फीट तक पानी भरने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। इससे पहले गुरुवार को भी जिले में करीब दो इंच बारिश दर्ज की गई। बारिश के चलते दिन के तापमान में करीब 5 से 6 डिग्री तक गिरावट दर्ज की गई।
मौसम विभाग के अनुसार 4 सितंबर को भरतपुर, जयपुर, अजमेर और कोटा संभाग के साथ शेखावाटी क्षेत्र के कुछ हिस्सों में मध्यम से तेज बारिश हो सकती है। वहीं कोटा संभाग के कुछ जिलों में कहीं-कहीं भारी से अतिभारी बारिश होने की संभावना है। 5 सितंबर को भरतपुर और कोटा संभाग के जिलों में कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने का अनुमान है। इस दौरान एक-दो स्थानों पर अतिभारी बारिश भी हो सकती है। जयपुर, अजमेर और उदयपुर संभाग के कुछ हिस्सों के अलावा बीकानेर संभाग में हल्की से मध्यम बारिश होने के आसार हैं।
मौसम विभाग के मुताबिक 6 और 7 सितंबर से प्रदेश में भारी बारिश की गतिविधियों में कमी आने की संभावना है। हालांकि भरतपुर, जयपुर और कोटा संभाग के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रह सकता है। इसके बाद 8 सितंबर से राज्य के अधिकांश हिस्सों में बारिश की गतिविधियों में फिर कमी आने की प्रबल संभावना है। फिलहाल मौसम तंत्र की सक्रियता के चलते पूर्वी राजस्थान के कई जिलों में मानसून सक्रिय बना हुआ है।