31 अगस्त तक देनी है रिपोर्ट, अभी तक कमेटी भी नहीं बनी
जयपुर। रोडवेज कर्मचारियों की ओर से एक बार फिर आंदोलन की सुगबुगाहट होने लगी है। कारण यह है कि 22 दिन पहले हडताल के बाद सरकार की ओर से किए गए समझौते पर अभी तक कार्यवाही शुरू नहीं हो पाई है। इससे विरोध में आए कर्मचारी संयुक्त मोर्चे ने अब एक सितंबर से आंदोलन की चेतावनी दी है। यही नहीं सुनवाई न होने पर 16 सितंबर रात 12 बजे से चक्काजाम हडताल की घोषणा की है। राजस्थान स्टेट रोडवेज एम्प्लाईज यूनियन (एटक) के प्रदेशाध्यक्ष एम. एल. यादव ने बताया है कि सरकार ने वादाखिलाफी की है। तय अवधि में अभी तक लिखित समझौते पर काम शुरू नहीं किया गया है।
ये रूपरेखा बनाई
1 सितम्बर 2018 को प्रदेश भर में रोडवेज के सभी आगारों एवं केंद्रीय कार्यशालाओं में संयुक्त धरने
8 सितम्बर 2018 को जयपुर में 500 कार्यकर्ताओं का संयुक्त प्रदेशस्तरीय सम्मेलन!
15-16 सितम्बर को प्रदेश भर में रोडवेज के सभी आगारों एवं केंद्रीय कार्यशालाओं पर बड़े संयुक्त धरने
16 सितम्बर 2018 की रात्रि के 12 बजे बाद 24 घंटे की प्रदेशव्यापी हड़ताल
यह है मामला
उल्लेखनीय है कि मांगों को लेकर रोडवेज के विभिन्न संगठनों की ओर से पिछले महीने 70 घंटे का चक्काजाम हडताल की गई थी। इसके बाद 27 जुलाई को सरकार ने कर्मचारी नेताओं से वार्ता से समझौता किया था। सरकार ने सातवे वेतनमान की मांग पर उच्च स्तरीय कमेटी का गठन कर 31 अगस्त तक रिपोर्ट तैयार करने और अनुदान के बकाया 150 करोड़ रुपये अगस्त माह में ही रोडवेज को देने का लिखित आश्वासन दिया। सरकार की ओर से कोई कार्यवाही न करने पर कर्मचारियों में रोष व्यात हैं।
यह थी प्रमुख चार मांग
-सेवानिवृत्त कर्मचारियों के देय सेवानिवृत्ति परिलाभों का भुगतान
-रोडवेज के लिए नवीन बसों का क्रय
-रोडवेज कर्मचारियों को राज्य सरकार के अनुरूप सातवें वेतनमान के अनुसार वेतन और पेंशन भत्ते देना-
रोडवेज के रिक्त पदों को भरने की स्वीकृति
इन मांगों पर यह हुआ समझौता
- सरकार अगस्त माह तक रोडवेज को 150 करोड़ रुपए देगी, जिसमें से 100 करोड सेवानिवृति परिलाभ और शेष में से कर्मचारियों को देय महंगाई भत्ता दिया जाएगा।
-परिवहन मंत्री युनुस खान ने आश्वस्त किया कि रोडवेज की नकारा बसों को रिप्लेसमेंट के आधार पर चरणबद्ध तरीके से बदला जाएगा
- अनुभवी रिटायर्ड आईएएस की अध्यक्षता में कमेटी बनेगी, जिसमें कर्मचारी नेता और अधिकारी भी शामिल होंगे। यह कमेटी सातवें वेतनमान और नई भर्ती की मांग के संबंध में 31 अगस्त तक रिपोर्ट देगी।