सरकार की पहली वर्षगांठ के मौके पर राज्य की गहलोत सरकार ने जनता को एक और बड़ा तौहफा दिया। सीएम गहलोत ने राजधानी जयपुर के वाल्मिकी नगर में प्रदेश की पहली जनता क्लिनिक का शुभारंभ किया।
जयपुर। सरकार की पहली वर्षगांठ के मौके पर राज्य की गहलोत सरकार ने जनता को एक और बड़ा तौहफा दिया। सीएम गहलोत ने राजधानी जयपुर के वाल्मिकी नगर में प्रदेश की पहली जनता क्लिनिक का शुभारंभ किया।
जनता क्लिनिक खुलने से अब लोगों को उन्ही के नजदीक बेहतर चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध होंगी। जनता क्लिनिकि का शुभारंभ करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा कि इलाज में लोगों का बहुत पैसा खर्च होता है। गरीब लोग तो पैसे के अभाव में इलाज ही नहीं करा पाते।
गहलोत ने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं सहज उपलब्ध कराना और राजस्थान को रोग मुक्त बनाना हमारी सरकार की पहली प्राथमिकता है। हमारा प्रयास है कि स्वास्थ्य सेवाओं के मामले में राजस्थान देश का सिरमौर राज्य बने।
इसके लिए निरोगी राजस्थान अभियान और जनता क्लिनिक जैसे महत्वाकांक्षी कार्यक्रम शुरू किए जा रहे हैं। गहलोत ने कहा कि भामाशाहों, सीएसआर गतिविधियों, विधायक-सांसद निधि, स्वयंसेवी संस्थाओं सहित आमजन के सहयोग से अधिक से अधिक जनता क्लिनिक खोले जाएंगे। इन क्लिनिकों में निःशुल्क दवाओं के साथ जरूरी निःशुल्क जांच की सुविधा घर के नजदीक ही मिल सकेंगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राजस्थान वह राज्य है जहां सरकार अस्पतालों में रोगियों को निःशुल्क दवा और निःशुल्क जांच की सुविधा दे रही है। गांव-ढ़ाणी तक निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाओं को पहुंचाने के लिए हमारी सरकार का यह एक ऎसा कदम था, जिसकी न केवल विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भरपूर सराहना की, बल्कि देश के कई राज्यों ने भी इसका अध्ययन किया।
अब हमने इन दोनों योजनाओं में निःशुल्क दवाओं और निःशुल्क जांचों की संख्या बढ़ाई है। महात्मा गांधी आयुष्मान भारत राजस्थान स्वास्थ्य बीमा योजना का लाभ 1 करोड़ 10 लाख परिवारों तक पहुंचाने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री डॉ. रघु शर्मा ने कहा कि गरीब आदमी के दरवाजे तक चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाने के लिए राज्य सरकार ने यह महत्वपूर्ण पहल की है। इससे सवाई मानसिंह अस्पताल पर मरीजों का दबाव कम हो सकेगा। उन्होंने कहा कि प्रथम चरण में जयपुर में 12 तथा जोधपुर में 3 जनता क्लिनिक की शुरूआत की जा रही है।
इस मौके पर ऊर्जा मंत्री बीडी कल्ला, शिक्षा राज्यमंत्री गोविन्द सिंह डोटासरा, वन और पर्यावरण राज्यमंत्री सुखराम विश्नोई, उप मुख्य सचेतक महेन्द्र चौधरी, विधायक गंगा देवी, पूर्व महापौर ज्योति खंडेलवाल, चिकित्सा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव रोहित कुमार सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं आमजन मौजूद थे।