जयपुर

Rajasthan University: 8 दिन से अनशन पर बैठे छात्र नेता को पुलिस ने उठाकर अस्पताल में कराया भर्ती, छात्रों ने किया विरोध

Rajasthan University Protest: राजस्थान यूनिवर्सिटी में अनशन पर बैठे छात्र नेता शुभम रेवाड़ को पुलिस ने उठाकर अस्पताल में एडमिट करवा दिया। इस दौरान छात्रों ने पुलिस कार्रवाई का विरोध किया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
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Jul 30, 2026
RU Protest
आठ दिन से अनशन पर बैठे शुऊम रेवाड़ को पुलिस ने अस्पताल में करवाया भर्ती (Photo- facebook @Shubham Rewar)

Rajasthan Student Protest: राजस्थान यूनिवर्सिटी में पिछले कुछ दिनों से छात्रसंघ चुनाव बहाल करने के लिए चल रहे आंदोलन में गुरुवार को नया मोड़ देखने को मिला। छात्र नेता शुभम रेवाड़ अपनी दो मांगों को लेकर पिछले 8 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठ थे, पुलिस और प्रशासन के लोग अनशन स्थल से उन्हें जबरदस्ती उठा ले गए। शुभम को सवाई मानसिंह (एसएमएस) अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। कार्रवाई के दौरान यूनिवर्सिटी परिसर में कुछ देर के लिए माहौल तनावपूर्ण रहा। मौके पर मौजूद छात्रों ने पुलिस की कार्रवाई का विरोध करते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। वहीं प्रशासन का कहना है कि शुभम की बिगड़ती तबीयत को देखते हुए एहतियात के तौर पर अस्पताल में भर्ती कराया गया।

छात्रों ने किया विरोध

जानकारी के अनुसार पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों ने अनशन स्थल पर जाकर शुभम रेवाड़ से अस्पताल चलने की अपील की। लेकिन इस बात का शुभम और वहां मौजूद छात्रों ने विरोध किया और कार्रवाई को आंदोलन खत्म करने की कोशिश बताया। विरोध के बीच पुलिस ने शुभम को एंबुलेंस से एसएमएस अस्पताल पहुंचाया, जहां फिलहाल डॉक्टरों की निगरानी में उनका इलाज चल रहा है। पुलिस की कार्रवाई के बाद छात्रों ने साफ कहा कि इससे आंदोलन रुकने वाला नहीं है। उनका कहना है कि सरकार छात्रों की मांगों पर बातचीत करने के बजाय आंदोलन को दबाने की कोशिश कर रही है। इस दौरान सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।

अस्पताल से भी शुभम रेवाड़ का बड़ा ऐलान

अस्पताल पहुंचने के बाद भी शुभम रेवाड़ अपने रुख पर कायम हैं। शुभम ने सोशल मीडिया X पर ट्वीट करते हुए बताया कि उनका अनशन जारी है और जब तक सरकार की तरफ से जवाब नहीं आता, लड़ाई जारी रहेगी।

इन दो मांगों को लेकर शुरू हुआ था अनशन

शुभम रेवाड़ पिछले आठ दिनों से दो प्रमुख मांगों को लेकर अनशन पर बैठे थे। पहली मांग राजस्थान यूनिवर्सिटी में अलग से राजस्थानी भाषा विभाग शुरू करने और छात्रों को कम शुल्क पर पढ़ाई की सुविधा देने की है। दूसरी मांग प्रदेश के सभी सरकारी और निजी कॉलेजों तथा विश्वविद्यालयों में पिछले चार साल से बंद छात्रसंघ चुनावों को दोबारा शुरू करने की है।