Psychology Today Report: महिला और पुरुषों के दिमाग की प्रोसेसिंग, केमिस्ट्री और बनावट में अंतर होता है।
अरुण कुमार
जयपुर। पढ़ाई से लेकर कामकाज हो या खेल, बेटियां देश का नाम रोशन कर रही हैं। इस बीच यह बहस छिड़ गई है कि क्या वाकई लड़कियों का दिमाग लड़कों से तेज होता है? क्या इनकी दिमागी बनावट में अंतर है? हाल में साइकोलॉजी टुडे की एक रिपोर्ट बताती है कि महिला और पुरुषों के दिमाग की प्रोसेसिंग, केमिस्ट्री और बनावट में अंतर होता है। न्यूरोसाइंस ने भी दोनों के दिमाग के साइज में हल्का अंतर पाया।
पुरुषों का ब्रेन एक्टिविटी में 7 गुना ज्यादा ग्रे मैटर, महिलाओं का 10 गुना ज्यादा वाइट मैटर उपयोग करता है।
पुरुष और महिला ब्रेन समान न्यूरोकेमिकल्स को प्रोसेसिंग करते हैं। कुछ मेन न्यूरोकेमिकल्स सेरोटोनिन हैं, जो महिलाओं को शांत बैठने में मदद करते हैं, जबकि पुरुष ज्यादा फिजिकली आवेगी और आक्रामक होते हैं।
महिलाओं में हिप्पोकैम्पस में तंत्रिका कनेक्शन की डेंसिटी की अधिकता से वे ज्यादा संवेदनशील होती हैं। स्वयं और दूसरों में भावनाओं को जल्द पहचान लेती हैं।