शीर्ष पदाधिकारियों के जुड़ने से राजस्थान में औद्योगिक निवेश बढ़ाने के साथ यहां के स्टार्टअप , प्रतिभावान विद्यार्थियों, युवाओं, महिला उद्यमियों और निर्यातकों को प्रोत्साहित और सफलता हासिल करने में मदद मिलेगी।
प्रदेश के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और विकसित राजस्थान के उद्देश्य से देश दुनिया के नामचीन कंपनियों के शीर्ष पदों पर बैठे अधिकारी (सीईओ और सीएफओ) आगे आएंगे। इसके लिए मारवाड़ी इंटरनेशनल फेडरेशन ने एक पहल की है। दुनियाभर में में फैले राजस्थानी मूल के बिजनेस टायकून को एक मंच पर लाने के लिए मारवाड़ी सीएक्सओज प्लेफॉर्म तैयार किया है। प्लेटफॉर्म में तक 16 देशों के 165 से ज्यादा सीईओ, सीएफओ फेडरेशन के साथ जुड़ चुके हैं।
शीर्ष पदाधिकारियों के जुड़ने से राजस्थान में औद्योगिक निवेश बढ़ाने के साथ यहां के स्टार्टअप , प्रतिभावान विद्यार्थियों, युवाओं, महिला उद्यमियों और निर्यातकों को प्रोत्साहित और सफलता हासिल करने में मदद मिलेगी। सात समंदर पार कंपनी में बैठे उच्चासीन पदाधिकारी प्रतिनिधि युवाओं से लेकर अन्य वर्ग को मार्गदर्शन कर उन्हें व्यापार, स्टॉर्टअप के साथ ही सामाजिक सरोकार के कार्यों में सीएसआर फंड के तहत सहयोग करेंगे।
अबूधाबी में एक कंपनी के सीएफओ जयपुर मूल के सीए निर्मल कुमार अग्रवाल ने बताया कि यह पहल सराहनीय है। इससे राजस्थानी मूल के एंटरप्रेन्योर और प्रोफेशनल एक मंच पर आकर राजस्थान के आर्थिक विकास में अपना योगदान देंगे। राजसमंद मूल के एक कंपनी के सीईओ विनोद बाफना का कहना है कि मारवाड़ियों में बिजनेस की बेहतर समझ होने के बावजूद राजस्थान के सभी पड़ौसी राज्य औद्योगिक क्षेत्र में आगे निकल गए हैं। प्लेटफॉर्म के साथ जुड़ने से नए नवाचारों को साझा कर कई निवेश होंगे। झुंझुनू मूल के भारत मंडपम के सीएफओ विजय चौधरी ने बताया कि बीते 25 साल से सरकार ने इस दिशा में कदम नहीं उठाए। फेडरेशन सीएक्सओ के माध्यम से अपनी मातृभूमि से जोड़ने का प्रयास किया है, यह काबिले तारीफ है।
मारवाड़ियों की व्यावसायिक कुशलता को पूरी दुनिया जानती है। विश्वास की वजह से दुनिया की प्रमुख कंपनियों के उच्च पदों पर राजस्थानी मूल के लोग पदासीन हैं। देश की जीडीपी में राजस्थानी मूल के उद्योगपतियों का योगदान 14 प्रतिशत से ज्यादा है। मारवाड़ी सीएक्सओज प्लेटफॉर्म से दुनियाभर में फैले कंपनियों के शीर्ष प्रबंधक एक दूसरे के साथ जुड़ेंगे।
सीए विजय गर्ग, संस्थापक महासचिव, मारवाड़ी इंटरनेशनल फेडरेशन