दौसा विधानसभा क्षेत्र राजधानी जयपुर के निकट है, लेकिन विकास की दृष्टि से पिछड़ा हुआ है। दौसा जिला मुख्यालय भी है, लेकिन मूलभूत सुविधाओं का अभाव है। विधानसभा उपचुनाव का प्रचार अभी शुरुआती चरण में है। बीते कई वर्षों से मुद्दे जस की तस बने हुए हैं, जिनका पूर्ण समाधान अभी तक नहीं हो सका है। शहर का हाल यह है कि यहां छह-सात दिन में पेयजल सप्लाई हो रही है।
चुनाव मैदान से .... ग्राउंड रिपोर्टः दौसा विधानसभा
- प्रदेश की राजधानी के निकट, लेकिन विकास से अछूता
दौसा. दौसा विधानसभा क्षेत्र राजधानी जयपुर के निकट है, लेकिन विकास की दृष्टि से पिछड़ा हुआ है। दौसा जिला मुख्यालय भी है, लेकिन मूलभूत सुविधाओं का अभाव है। विधानसभा उपचुनाव का प्रचार अभी शुरुआती चरण में है। बीते कई वर्षों से मुद्दे जस की तस बने हुए हैं, जिनका पूर्ण समाधान अभी तक नहीं हो सका है। शहर का हाल यह है कि यहां छह-सात दिन में पेयजल सप्लाई हो रही है। लोग पानी खरीदने को मजबूर हैं। करीब 15 साल से पेयजल की समस्या है जो अब दिन-प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। नेताओं से सिर्फ आश्वासन ही मिल रहा है। अब तो ग्रामीण इलाकों से युवा वर्ग रोजगार के लिए पलायन कर रहा है। अधिकतर युवा जयपुर सहित अन्य शहरों में काम के लिए जा रहे हैं।
कृषि व्यवसाय तोड़ रहा दम, औद्योगिक विकास ठप
दौसा में पानी की कमी से कृषि व्यवसाय दम तोड़ रहा है, वहीं औद्योगिक विकास भी ठप है। दौसा से दिल्ली-मुम्बई एक्सप्रेस-वे तथा जयपुर-आगरा नेशनल हाईवे गुजर रहा है, लेकिन अभी तक कोई बड़ा औद्योगिक क्षेत्र नहीं पनप सका है। शहर की सफाई व्यवस्था बेहाल है। जिले में अपराध भी दिनों-दिन बढ़ता जा रहा है। अवैध हथियार और नशे का कारोबार खूब फल-फूल रहा है। युवा पीढ़ी इसके चंगुल में फंस रही है।
कांग्रेस हैट्रिक की तैयारी में, भाजपा वापसी करने में जुटी
रामकरण जोशी, पंडित नवलकिशोर शर्मा, राजेश पायलट, सचिन पायलट, किरोड़ीलाल मीना जैसे प्रदेश के दिग्गज नेताओं का दौसा से जुड़ाव रहा है। पिछले दो विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के मुरारीलाल मीना ने यहां से जीत दर्ज की थी, लेकिन उनके सांसद चुने जाने से यहां उपचुनाव हो रहे हैं। यहां कांग्रेस जीत की हैट्रिक लगाने की तैयारी में है तो भाजपा वापसी करने के लिए पूरा जोर लगा रही है। भाजपा से कैबिनेट मंत्री किरोड़ीलाल मीना के भाई को मैदान में उतारा गया है। कांग्रेस से प्रत्याशी घोषित होने का इंतजार है।
मतदाता बोले...
औद्योगिक विकास की जरूरत है। दिल्ली-मुम्बई एक्सप्रेस-वे को ध्यान में रखकर योजना बनाई जाए तो दौसा के विकास को गति मिलेगी। नशे के कारोबार पर लगाम नहीं कसी गई तो युवाओं का भविष्य खराब होगा।
- मनीष खण्डेलवाल, व्यवसायी दौसा
बेरोजगारी, पेयजल सहित कई मुद्दे हैं, इनका जल्द समाधान होना चाहिए। सरकार को ईसरदा लाइन व ईआरसीपी का काम तेजी से चलाना चाहिए, ताकि दौसावासियों को राहत मिल सके।
- सौरभ शर्मा, युवा मतदाता
दौसा में 246012 मतदाता
पुरुष : 129422
महिला : 116590
मतदान केन्द्र: 240
वर्ष 2023 में रहे चुनाव परिणाम
कांग्रेस - मुरारीलाल मीना को मिले मत: 98238
भाजपा - शंकरलाल शर्मा को मिले मत: 67034
जीत का अंतर: 31204