Rajasthan Politics: प्रदेश प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा ने संगठन की कमजोरियों को खुले तौर पर स्वीकार करते हुए तीखा संदेश दिया।
जयपुर। प्रदेश कांग्रेस के पंचायती राज संगठन की ओर से बिड़ला सभागार में आयोजित ‘पंचायती राज सशक्तीकरण सम्मेलन’ में प्रदेश प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा ने संगठन की कमजोरियों को खुले तौर पर स्वीकार करते हुए तीखा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि पार्टी इसलिए कमजोर हुई, क्योंकि भाई-भतीजावाद हावी रहा। मंत्री बनते ही बेटे को विधायक और पत्नी को प्रधान बनाने की परंपरा गलत है। ऐसे में आम कार्यकर्ता का नंबर कब आएगा।
रंधावा ने स्पष्ट किया कि अब पंचायती राज संस्थाओं में जमीनी कार्यकर्ताओं को अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा कि जो लोग केवल सत्ता के लिए राजनीति करते हैं, वे चाहें तो पार्टी छोड़ सकते हैं।
प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि पंचायत चुनावों में कार्यकर्ताओं को उनका हक दिया जाएगा। उन्होंने गुटबाजी के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि कांग्रेस पूरी तरह एकजुट है। जूली ने आरोप लगाया कि चार महीने से वृद्धावस्था और विधवा पेंशन का भुगतान नहीं हो रहा। उधर, राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के प्रदेश अध्यक्ष सी.बी. यादव ने पंचायत एवं निकाय चुनावों के लिए माइक्रो-लेवल चुनावी तैयारी पर आधारित प्रशिक्षण दिया।
सम्मेलन को पूर्व प्रदेशाध्यक्ष सी.पी. जोशी, राजीव गांधी पंचायती राज संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनील पंवार, प्रदेश प्रभारी रीना वाल्मीकि व प्रधान संघ अध्यक्ष दिनेश सूण्डा सहित कई नेताओं ने संबोधित किया।
डोटासरा ने चेतावनी दी कि यदि विधानसभा सत्र की समाप्ति तक पंचायत चुनावों की घोषणा नहीं हुई, तो वे नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली के साथ आमरण अनशन पर बैठेंगे।