जयपुर. गांवों के मजबूत बुनियादी ढांचे के बिना राष्ट्र निर्माण संभव नहीं है। गांव बनेगा तो देश बढ़ेगा। इसी संकल्प के साथ अल्ट्राटेक सीमेंट व राजस्थान पत्रिका मिलकर गांवों के विकास के लिए ‘यशस्वी सरपंच अभियान’ जल्द शुरू करेंगे।
जयपुर. गांवों के मजबूत बुनियादी ढांचे के बिना राष्ट्र निर्माण संभव नहीं है। गांव बनेगा तो देश बढ़ेगा। इसी संकल्प के साथ अल्ट्राटेक सीमेंट व राजस्थान पत्रिका मिलकर गांवों के विकास के लिए ‘यशस्वी सरपंच अभियान’ जल्द शुरू करेंगे। इसके तहत ग्राम पंचायतों के सरपंचों को बेहतर विकास कार्यों के लिए सम्मानित भी किया जाएगा। गांव के बुनियादी ढांचे के पीछे सरपंच व अन्य लोगों का संघर्ष भी कम नहीं है। सरपंचों ने गांव के विकास के सपने देखे और संकल्प लिया। इस संकल्प को पूरा करने में कभी फंड की कमी तो कभी लोगों का विरोध भी झेलना पड़ा। कई सरपंचों ने गांव के विकास के लिए पुस्तकालय, बुक बैंक, गोशालाएं, सीमेंट सड़क, सामुदायिक केंद्र आदि बनवाकर मिसाल कायम की है।
सच है कि संकल्प का कोई विकल्प नहीं होता है, इसलिए तमाम संघर्षों के बाद जब गांवों में उन्नति के नए अवसर पैदा हुए तो बीते संघर्ष भी सामान्य लगने लगे। आज राज्य के सैकड़ों सरपंचों के हौसले इतने बुलंद हैं कि उनके किए कार्य शहरों के लिए मिसाल बन गए। सही मायने में राजस्थान की अर्थव्यवस्था कहीं न कहीं गांवों पर केंद्रित है। जिस गांव के स्कूल, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आदि बेहतर स्थिति में दिखते हैं वहां हम कह सकते हैं कि सरपंचों ने लीक से हटकर कार्य किया है। अल्ट्राटेक और राजस्थान पत्रिका के साथ सरपंचों का यह जुड़ाव ग्रामीण बुनियादी ढांचे को मजबूत करेगा।