जैसलमेर. नगर के समीप स्थित प्राचीन राजधानी लौद्रवा तीर्थ में प्रतिष्ठित चिंतामणी पाŸवनाथ भगवान को स्वर्णिम आंगी अर्पण की गई।
जैसलमेर. नगर के समीप स्थित प्राचीन राजधानी लौद्रवा तीर्थ में प्रतिष्ठित चिंतामणी पाŸवनाथ भगवान को स्वर्णिम आंगी अर्पण की गई। प्रवक्ता पवन कोठारी ने बताया कि प्रत्येक पूर्णिमा की भांति इस बार भी लौद्रवा तीर्थ में अनेक क्षेत्रों से श्रद्धालुओं ने उपस्थित होकर पूजा अर्चना की। मूलनायक चिंतामणी पाŸवनाथ भगवान की अष्ट प्रकारी पूजा के बाद सकल जैन संघ की साक्षी में परमात्मा को सोने की आंगी अर्पण की गई। पूर्व में जिन कुशल भक्ति मंडल बाड़मेर एवं सकल जैन श्रीसंघ जैसलमेर बाड़मेर के प्रयास से चांदी की आंगी बनाकर अर्पण की गई थी। उस आंगी पर धामोली पाली निवासी तेजराज जैन परिवार की ओर से सोने की चादर चढ़ाकर भेंट की गई। मूलनायक चिंतामणी पाŸवनाथ भगवान की अष्ट प्रकारी पूजा, आंगी, आरती एवं मंगल दीपक का संपूर्ण लाभ मुन्ना कुमारी सौभाग्यमल जिंदाणी की स्मृति में प्रेमलता जैन, हेमलता, भागचंद और निर्मला जिंदाणी परिवार की ओर से लिया गया। जैसलमेर संघ के अध्यक्ष महेंद्र भाई बाफना ने कहा कि आंगी के लाभार्थी तेजराज जैन लम्बे अरसे से लौद्रवा तीर्थ एवं जैन ट्रस्ट जैसलमेर से जुड़े हुए हैं। उन्होंने इस तीर्थ में तन मन धन से सहयोग दिया है। जैन ट्रस्ट जैसलमेर की ओर से उनके सहयोग एवं समर्पित भावों की अनुमोदना की जाती है। इस अवसर पर जिन कुशल भक्ति मंडल बाड़मेर, जैन संघ जैसलमेर के साथ अहमदाबाद, सूरत, मुंबई एवं अनेक क्षेत्रों से श्रद्धालु उपस्थित रहे।