जैसलमेर

‘महाकुंभ की गरिमा बनाए रखें’, सोशल मीडिया को लेकर MLA प्रतापपुरी ने जताई नाराजगी; बोले- पता नहीं कौनसी सी साजिश

Mahakumbh 2025: जैसलमेर जिले के पोकरण से BJP विधायक और तारातरा मठ के महंत प्रतापपुरी महाराज ने महाकुंभ की गरिमा और उद्देश्य को लेकर सोशल मीडिया के रुख पर गहरी नाराजगी जताई है।
2 min read
Jan 23, 2025
MLA Pratap Puri

Mahakumbh 2025: जैसलमेर जिले के पोकरण से BJP विधायक और तारातरा मठ के महंत प्रतापपुरी महाराज ने महाकुंभ की गरिमा और उद्देश्य को लेकर सोशल मीडिया के रुख पर गहरी नाराजगी जताई है। बुधवार रात बाड़मेर में एक बैठक के दौरान उन्होंने कहा कि डेढ़ सौ साल बाद महाकुंभ का योग बना है, जो संतों और आध्यात्मिक चर्चा का विषय होना चाहिए था। लेकिन सोशल मीडिया पर महाकुंभ की जगह कुछ अन्य चेहरों और मुद्दों को प्रमुखता दी जा रही है।

BJP विधायक प्रतापपुरी ने कहा कि महाकुंभ जैसा ऐतिहासिक और आध्यात्मिक आयोजन, जिसकी चर्चा पूरी दुनिया में हो रही है, वह सोशल मीडिया पर गौण हो गया है…ना जाने किन-किन चेहरों और मुद्दों की चर्चा हो रही है, पता नहीं यह कौन सी साजिश है। उन्होंने कहा कि यह कुंभ के उद्देश्य को भटका रहा है।

बता दें, उनका इशारा सोशल मीडिया पर वायरल हो रही माला बेचने वाली लड़की मोनालिसा भोसले, IITn बाबा, और मॉडल हर्षा की तस्वीरों की ओर था, जो महाकुंभ के मूल उद्देश्य से अलग चर्चाओं को वायरल कर रहे हैं।

महाकुंभ की व्यवस्थाओं की सराहना

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सराहना करते हुए कहा कि महाकुंभ की व्यवस्थाएं बेहद शानदार हैं। उन्होंने कहा कि यह हमारा सौभाग्य है कि हम ऐसा आयोजन देख रहे हैं। कुंभ में आने वाले लोग इसकी सुंदरता और मैनेजमेंट को लेकर सराहना कर रहे हैं। यहां तक कि विदेशी और मुस्लिम देशों से भी लोग इसे देखने और रिसर्च के लिए आ रहे हैं।

महाकुंभ का उद्देश्य न भूलें- MLA

इस दौरान विधायक ने कहा कि महाकुंभ संतों और समाज की आध्यात्मिक चर्चा के लिए है, लेकिन राजनीतिक स्वार्थ और सोशल मीडिया के फोकस ने इसके मूल उद्देश्य को भटका दिया है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे कुंभ के महत्व को समझें और इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लें। उन्होंने इसे विश्व का सबसे बड़ा मेला बताते हुए बाड़मेर की जनता से भी इसमें शामिल होने का आग्रह किया।

ओरण पर सरकार से की अपील

वहीं, गायों के लिए समर्पित ओरण और गोचर की जमीनों के मुद्दे पर भी विधायक ने गंभीरता से बात की। उन्होंने कहा कि पश्चिमी राजस्थान में गायों का जीवन में विशेष स्थान है। पूर्वजों ने गायों के लिए ओरण, गोचर, और तालाब बनाए थे, लेकिन कई जमीनें रिकॉर्ड में दर्ज नहीं हो पाईं। मैंने इस मुद्दे को विधानसभा में उठाया है और आगे भी इसे प्राथमिकता दूंगा। उन्होंने सरकार से इन जमीनों को रिकॉर्ड में दर्ज कराने और इस पर ध्यान देने की मांग की।

Updated on:
23 Jan 2025 06:51 pm
Published on:
23 Jan 2025 06:51 pm