
मनरेगा सविंदा कार्मिकों का धरना 44 वें दिन जारी
जैसलमेर. मनरेगा सविंदा कार्मिको का धरना 44 वे दिन जारी रहा। संविदा कार्मिकों की मांगे नहीं मानने पर प्रदेश के सविंदा कार्मिकों ने मनरेगा के समस्त कार्यो का बहिष्कार जारी रखते हुए धरना जारी रखा। यह जानकारी संघ के जिलाध्यक्ष महिपालसिंह डांगरी ने दी।
अनियमितताओं की जांच करने की मांग
मदासर (पोकरण). ग्रामीणों ने जिला कलक्टर को ज्ञापन प्रेषित कर ग्राम पंचायत की ओर से करवाए जा रहे निर्माण कार्यों में अनियमितताओं की जांच करने की मांग की है। ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायत क्षेत्र में अधिकारियों की मिलीभगत से किए जा रहे घटिया निर्माण व सरकारी धनराशि के दुरुपयोग किया जा रहा है। उन्होंने अधिकारियों की उपस्थिति में ग्राम पंचायत की ओर से करवाए गए कार्यों का भौतिक रूप से निरीक्षण कर जांच करने व कार्रवाई करने की मांग की है। ग्रामीणों ने बताया कि यदि इस संबंध में कोई कार्रवाई नहीं की गई, तो शुक्रवार को आयोजित राजस्व लोक अदालत न्याय आपके द्वार शिविर का बहिष्कार किया जाएगा तथा शनिवार से बेमियादी अनशन शुरू किया जाएगा।
जैसलमेर से जाएंगे शिक्षक
जैसलमेर. राजस्थान शिक्षक एव पंचायती राज कर्मचारी संघ के प्रदेश महामंत्री शंभु सिंह मेड़तिया के निर्देशन में मूलचंद गुर्जर की अध्यक्षता में संभाग स्तरीय एक दिवसीय कार्यशाला जोधपुर में गुरुवार को होगी। प्रदेश मंत्री प्रकाश विश्नोई ने बताया कि कार्यशाला में प्रदेश कार्यकारिणी के सभी पदाधिकारी, जिलाध्यक्ष, सभाध्यक्ष एव जोधपुर संभाग के पदाधिकारी भाग लेंगे।
80 नामान्तरकरण खोले, 252 खातों का दुरुस्तीकरण
जैसलमेर. राजस्व लोक अदालत-न्याय आपके द्वार शिविर की कड़ी बुधवार को ग्राम पंचायत मुख्यालय खींवसर, बोहा, कपूरिया और सरदारसिंह की ढाणी में राजस्व शिविरों का आयोजन किया गया। जिला कलक्टर अनुपमा जोरवाल ने बताया कि उपखण्ड जैसलमेर, फतेहगढ़ और भणियाणा की पंचायतों में शिविरों के माध्यम से लोगों को लाभान्वित किया गया है। शिविरों के तहत तीन तहसीलों के तहसीलदारों एवं नायब तहसीलदारों की ओर से धारा 135 के तहत कुल 80 नामान्तरकरण खोलें जाकर राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज किए गए है। इसी तरह धारा 53 के तहत 09 खातों का विभाजन कर बंटवारे के प्रकरण निस्तारित किए गए। तहसीलदारों की ओर से 252 मामलों में खाता दुरस्ती के प्रकरण निस्तारित किए गए, वही शिविरों में 168 लोगों को राजस्व की नकलें प्रदान की गई। इसी तरह 249 अन्य प्रकरण निस्तारित किए गए। उन्होंने बताया कि तहसीलदारों की ओर से इन शिविरों के माध्यम से 758 प्रकरण निस्तारित किए गए।