इंदिरा गांधी नहर के तहत पोकरण-फलसूंड-बालोतरा-सिवाणा पेयजल लिफ्ट परियोजना के अंतर्गत बिछाई गई बड़ी पाइपलाइन पर लगे एयरवॉल्व के आए दिन लीक हो जाने के कारण शुद्ध पानी व्यर्थ बह जाता है।
इंदिरा गांधी नहर के तहत पोकरण-फलसूंड-बालोतरा-सिवाणा पेयजल लिफ्ट परियोजना के अंतर्गत बिछाई गई बड़ी पाइपलाइन पर लगे एयरवॉल्व के आए दिन लीक हो जाने के कारण शुद्ध पानी व्यर्थ बह जाता है। क्षेत्र के आसकंद्रा-दिधु गांव के बीच भी रविवार को एयरवॉल्व अचानक लीक हो गया। जिसके कारण हजारों गैलन शुद्ध पानी व्यर्थ बह गया। गौरतलब है कि पोकरण, बालोतरा व सिवाणा कस्बों के साथ 500 गांवों की 5 लाख आबादी को परियोजना के अंतर्गत जलापूर्ति की जाती है। इसके लिए इंदिरा गांधी मुख्य नहर के हेड से पाइपलाइन लगाई गई है, जो पोकरण के बीलिया गांव के हेडवक्र्स तक है। बीलिया में स्थित हेडवक्र्स में पानी को शुद्ध कर आगे जलापूर्ति किया जाता है। नाचना में स्थित नहर के हेड से बीलिया हेडवक्र्स और यहां से बालोतरा व सिवाणा तक बड़ी पाइपलाइन लगी हुई है। इस पाइपलाइन पर निर्धारित दूरी में एयरवॉल्व लगे हुए हैं। क्षेत्र में कई जगहों पर ये एयरवॉल्व लीकेज हैं। जिसके कारण हर समय शुद्ध पानी व्यर्थ बहता रहता है।
नाचना-बीलिया हेडवक्र्स के बीच लगी बड़ी पाइपलाइन पर आसकंद्रा-दिधु गांव के बीच लगा एक एयरवॉल्व रविवार को अचानक लीक हो गया। जिसके कारण तेज बहाव के साथ पानी बहने लगा। एयरवॉल्व से तेज गति से निकले पानी के कारण ऊंचा फव्वारा उठा और करीब 10 से 15 फीट ऊंचाई तक पानी उछलकर गिरने लगा। दो से तीन घंटे तक यहां पानी व्यर्थ बहता रहा। जिससे हजारों गैलन पानी यहां व्यर्थ बहकर आसपास जमा हो गया। तेज गति के साथ निकला फव्वारा यहां कुछ दूरी पर स्थित सडक़ से गुजरने वाले राहगीरों व वाहन चालकों के लिए आकर्षण का केन्द्र बन गया।