जैसलमेर

मंदिर के बाहर लग रहे जूते-चप्पलों के ढेर,दर्शनार्थियों को हो रही परेशानी

-दर्शनार्थियों को हो रही परेशानी
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Apr 09, 2019
jaisalmer
मंदिर के बाहर लग रहे जूते-चप्पलों के ढेर,दर्शनार्थियों को हो रही परेशानी

जैसलमेर/रामदेवरा. बाबा रामदेव की समाधि स्थल पर चैत्र नवरात्र की दूज पर लगे मेले के दौरान मंदिर के बाहर मुख्य मार्ग पर दर्शनार्थियों के जूते चप्पलों के ढेर लग गए, जो सोमवार को दोपहर 12 बजे तक भी लगे रहे। जिससे यहां आने वाले दर्शनार्थियों को खासी परेशानी हुई। गौरतलब है कि चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की द्वितीया को गांव में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। श्रद्धालुओं की ओर से मंदिर रोड पर दुकानों के आगे अपने जूते चप्पल उतार दिए गए। दर्शनों के बाद भीड़ के कारण श्रद्धालु वापिस यहां नहीं पहुंच पाए। ऐसे में दुकानदारों ने सोमवार को सुबह अपनी दुकानों के आगे सफाई के दौरान इन जूते चप्पलों को अपनी-अपनी दुकान से कुछ दूरी पर सरका दिया। जिससे सडक़ के बीचोंबीच मंदिर के मुख्य द्वार से करणी द्वार तक जूतों चप्पलों की कतार लग गई। जिसे ग्राम पंचायत की ओर से दोपहर 12 बजे बाद हटाया गया। इस दौरान मंगलवार को यहां आने वाले श्रद्धालुओं को खासी परेशानी हुई। गौरतलब है कि भादवा, माघ व नवरात्र मेले के दौरान प्रतिदिन हजारों श्रद्धालु बाबा रामदेव की समाधि के दर्शनों के लिए आते है तथा वे मंदिर से कुछ दूरी पर जूते चप्पल उतारते है, लेकिन वापिस आने पर उन्हें जूते नहीं मिलते है। जिससे यहां जूतों का अंबार लग जाता है और गांव में जगह-जगह गंदगी के ढेर लग जाते है। मंदिर के मुख्य द्वार के आसपास, मंदिर रोड, वीआईपी रोड, करणी द्वार तक जगह-जगह जूते बिखरे देखे जा सकते है।
प्रवेश व निकासी अलग-अलग
मंदिर में दर्शन करने के लिए जहां से लोग प्रवेश करते है। वापसी में उसी स्थान से होने की बजाय रामसरोवर की तरफ बने अलग-अलग निकासी द्वार से लोगों को बाहर निकाला जाता है। दर्शन करने वाला श्रद्धालु मेले के दौरान पुन: अपने चप्पल उतारने वाले स्थान पर पहुंच नहीं पाता है। इस कारण लोग नंगे पांव ही प्रस्थान करते है। बावजूद इसके प्रशासन व मंदिर समिति की ओर से मंदिर के बाहर जूता स्टैण्ड स्थापित करने को लेकर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।

Published on:
09 Apr 2019 05:20 pm