
स्वर्णनगरी सहित जिले में बदल रहे मौसम के मिजाज में लोगों की दिनचर्या भी प्रभावित होना शुरू हो गई है। पहले जहां अलसुबह से लोगों की चहल-पहल सडक़ों पर शुरू हो जाती, उसकी जगह अधिकांशत: वीरानी का माहौल रहता है। आसमान में हल्की धुंध छाए रहने व गुलाबी ठंडक के माहौल की वजह से ज्यादातर लोग सुबह 9 बजे के बाद ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। इसी तरह से रात के समय भी पर्यटन स्थलों को छोड़ कर अन्य स्थानों व मार्गों पर ज्यादा आवाजाही दिखाई नहीं देती। शहरवासी अपने काम निपटा कर रात 9-9.30 बजे तक घर पहुंचना पसंद कर रहे हंै। और तो और अब छतों पर रखी टंकियों का पानी रात भर में ज्यादा ठंंडा होने की वजह से बड़ी संख्या में लोग विभिन्न साधनों से पानी को हल्का गरम करने के बाद उससे स्नान करना पसंद कर रहे हैं। घरों में एयरकंडीशनर व कुलर तो बीते कई दिनों से लगभग पूरी तरह से बंद ही हैं, पंखें भी या तो कम चलाए जाते हैं अथवा उनकी गति बहुत धीमी रखी जा रही है। इस बीच शहर में न्यूनतम तापमान ने बीती रात 3 डिग्री का गोता लगाया और यह 12.6 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। यह इस मौसम का सबसे कम तापमान रहा। मौसम विभाग ने गुरुवार को जैसलमेर में अधिकतम तापमान 28.3 और न्यूनतम 12.6 डिग्री रिकॉर्ड किया।