जालोर

एटीएम पर 24 घंटे सुविधा का बोर्ड टांग खाताधारकों को लगा रहे चूना

शहर के अधिकतर एटीएम रहते हैं बंद तो कइयों में नहीं होती पर्याप्त राशि
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Nov 21, 2018
Facilities on ATM in Jalore
एटीएम पर 24 घंटे सुविधा का बोर्ड टांग खाताधारकों को लगा रहे चूना

जालोर. शहर सहित जिले भर में बैंकों की ओर से लगाए गए एटीएम पर टांगा गया 24 घंटे सेवा देने का बोर्ड खाताधारकों के लिए छलावा साबित हो रहा है। कारण कि अधिकतर बैंकों के एटीएम या तो बंद ही रहते हैं या फिर उनमें पर्याप्त राशि तक नहीं होती। जिसके कारण खाताधारकों को अन्य बैंक के एटीएम से बार-बार नकदी निकास करनी पड़ रही है। इस तरह एटीएम की ट्रांजेक्शन लिमिट पूरी होने के नाम पर उनके खातों से शुल्क वसूलकर उन्हें चूना भी लगाया जा रहा है। जिला मुख्यालय की बात करें तो शहर में विभिन्न बैंकों के करीब २५ से ३० एटीएम हैं। जिन पर २४ घंटे सुविधा का बोर्ड लगा रखा है, लेकिन इनमें से अधिकतर एटीएम कई बार बंद ही रहते हैं। वहीं अधिकतर में या तो राशि होती ही नहीं या फिर पर्याप्त राशि का अभाव रहता है। ऐसे में स्थानीय व बाहर से आने वाले खाताधारक भी संबंधित बैंकों के एटीएम बंद होने के कारण मजबूरन अन्य बैंकों के एटीएम से नकदी निकासी के प्रयास में बार-बार एटीएम का प्रयोग करते हैं। जिसके कारण उन्हें इसका अतिरिक्त शुल्क भी चुकाना पड़ता है। कई खाताधारकों को इसकी जानकारी नहीं होने के कारण खाते से राशि कटने के बाद ही उन्हें इसकी जानकारी मिल पाती है। जिसके कारण बाद में उन्हें खाते से कटने वाली राशि की जानकारी लेने के लिए बैंकों के चक्कर काटने पड़ते हैं।
पहले ये थी सुविधा
बैंकिंग सूत्रों के मुताबिक एटीएम सुविधा शुरू होने के बाद लोगों को नकदी निकासी, ट्रांसफर और बैलेंस चेक करने की सुविधा दी जाती थी। इसके बाद जिस बैंक का एटीएम खाताधारक के पास है उसी बैंक से महीने में कितनी भी बार राशि की निकासी की जा सकती थी और इसके लिए बैंक किसी तरह का शुल्क नहीं वसूलता था। वहीं अन्य ब्रांच के एटीएम से महीने में 5 बार निकासी की जा सकती थी।
निकासी की लिमिट तय
मौजूदा समय में एटीएम से राशि की निकासी, राशि जमा कराने, बैलेंस चेक करने और रुपए ट्रांसफर करने सहित विभिन्न सुविधाएं दी जा रही हैं, लेकिन अब किसी भी बैंक के एटीएम का महीने में पांच बार से ज्यादा निकासी के लिए उपयोग करने पर प्रति ट्रांजेक्शन करीब दस से पंद्रह रुपए और 18 प्रतिशत जीएसटी भी वसूला जा रहा है। चाहे खाताधारक के पास उसी बैंक का एटीएम हो तो भी वह महीने में पांच बार से ज्यादा ट्रांजेक्शन निशुल्क नहीं कर सकता।
त्योहारों में परेशानी
एटीएम पर राशि की निकासी के लिए सबसे ज्यादा भीड़भाड़ त्योहारी सीजन में होती है। त्योहारों के समय शहर सहित आस पास के ऐसे गांवों जहां एटीएम सुविधा नहीं है, वहां से भी लोग यहां पहुंचते हैं। इसके अलावा शादी व त्योहारों के समय दिसवार से आने वाले लोग भी इसका ज्यादा उपयोग करते हैं। ऐसे में अक्सर एटीएम के बंद रहने और पर्याप्त राशि के अभाव में खाताधारकों को परेशानी उठानी पड़ती है।
छुट्टी के दिनों में हो जाते हैं खाली
एटीएम पर त्योहारी सीजन के अलावा लगातार दो से तीन दिन तक आने वाले राष्ट्रीय अवकाश के समय पर खाताधारकों को परेशानी होती है। छुट्टी के दिन एटीएम से राशि खाली हो जाने के कारण अवकाश के चलते ये दोबारा रीफिल ही नहीं किए जाते या फिर इनमें राशि कम पड़ जाती है।जिसके कारण खाताधारकों को अलग-अलग एटीएम से राशि निकाली पड़ती है। ऐसे में प्रतिमाह 5 बार ट्रांजेक्शन लिमिट पूरी हो जाती है।

Published on:
21 Nov 2018 07:26 pm