बालोतरा से सांडेराव नव स्वीकृत एनएच के तहत चरली से उम्मेदपुर तक चल रहा निर्माण कार्य
आहोर. बालोतरा से सांडेराव तक नव स्वीकृत राष्ट्रीय राजमार्ग 325 के तहत पिछले कुछ दिनों से आहोर-तखतगढ़ सड़क मार्ग पर हाइवे रोड का निर्माण कार्य चल रहा है। लेकिन निर्माण कार्य के दौरान ठेकेदार की ओर से बरती जा रही अनियमितताओं व लापरवाही की वजह से यहां से गुजरने वाले वाहन चालकों को बेहद परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लेकिन इस ओर संबंधित विभाग द्वारा कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। दरअसल, आहोर-तखतगढ़ सड़क मार्ग पर पिछले कुछ दिनों से चरली से लेकर उम्मेदपुर तक हाइवे रोड का निर्माण कार्य चल रहा है। लेकिन निर्माण कार्य के दौरान बरती जा रही विभिन्न अनियमितताओं व लापरवाही की वजह से यहां से गुजरने वाले वाहन चालकों को बेहद परेशान होना पड़ रहा है। जैसा कि निर्माण कार्य स्थल पर वाहनों के सुचारू आवागमन के लिए नियमानुसार डायवर्ट व अन्य आवश्यक स्थानों पर संकेतक बोर्ड लगाने होते है। लेकिन यहां ऐसा कुछ भी नहीं है। यहां डायवर्ट व अन्य आवश्यक जगहों पर किसी तरह के संकेतक बोर्ड लगे हुए है। जिसकी वजह से वाहन चालकों को खासी परेशानी हो रही है। रात्रि मेें तो अत्यधिक परेशानी झेलनी पड़ती है। यहां आवश्यक स्थानों पर रात्रि में आवश्यक स्थानों पर ठेकेदार की ओर से लाइटिंग की भी व्यवस्था की हुई नहीं है। कई जगह बीच में ही मिट्टी के ढेर लगे हुए है तथा निर्माण सामग्री डाली हुई है। जिसकी वजह से वाहन चालकों को काफी परेशानी हो रही है। लेकिन इस ओर संबंधित विभाग कोई ध्यान नहीं दे रहा है।
मिट्टी में धंसी रोडवेज, हादसा होते-होते टला
चरली से उम्मेदपुर तक चल रहे हाइवे रोड निर्माण कार्य स्थल पर विभिन्न स्थानों पर संकेतक बोर्ड का अभाव होने के कारण मंगलवार को एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। हुआ यूं कि अगवरी सरहद में सांई बाबा मंदिर के सामने निर्माण कार्य स्थल पर डायवर्ट का संकेेतक बोर्ड लगा नहीं होने के कारण यहां से गुजर रही एक रोडवेज बस के एक साइड के पहिए मिट्टी में धंस गए। जिससे रोडवेज बस तिरछी हो गई। बस में कई यात्री सवार थे। गनीमत रही कि बस पलटी नहीं, अन्यथा एक बड़ा हादसा घटित हो जाता। सूचना पर ग्रामीणों व निर्माण कार्य कर रहे श्रमिकों ने जेसीबी की सहायता से बस को सुरक्षित बाहर निकाला।