
जांजगीर-चांपा. बलौदा वन परिक्षेत्र के कटरा जंगल में कोटरी (हिरण की प्रजाति) का शिकार कर उसके मांस की बिक्री करते सोमवार की सुबह एक व्यक्ति सहित तीन खरीददार को वन विभाग की टीम ने पकड़ा है। ब्रिकी करते हुए वयक्ति के घर से हथियार बरामद किया गया है लेकिन जिस हथियार से कोटरी को मौत के घाट उतारा गया है वह हथियार वनविभाग के हाथ नहीं लगी है। इस मामले में आरोपियों के खिलाफ वन्य प्राणी संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई की गई है।
वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि सोमवार की सुबह मुखबिर ने वनविभाग को सुचना दी कि बुडग़हन निवासी एक व्यक्ति कोटरी का शिकार कर उसका मांस बेच रहा है। सुचना पर वनविभाग के टीम ने रास्ते पर कटरा कि ओर सीजी 11 एए 1473 बाइक में छतलाल पिता रितीराम पाटले और शिवचरण चौहान पिता सातुलाल को ग्राम पंचायत कोरबी के लपेटापारा के पास रोका। जहां दोनों के पास से 4 किलो हिरण का मांस मिला। पूछताछ के दौरान उन्होंने बताया कि हम बुडग़हन से मांस को रामायण पिता देवचरण धनवार के घर से खरीद कर ला रहे हैं। इस पर वनविभाग की टीम द्वारा ग्राम पंचायत बुडग़हन में रामायण के घर में दबीश दी। जहां से 5 किलो मांस मिला घर से कुछ दूर पर खेत में खड़े इस्कार्पियो सीजी 12 डी 1534 जो बीएसएनएल एसडीओ किशोर सिरिल तिर्की के वाहन से 10 किलो मांस जप्त किया गया। चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लगभग 19 किलो हिरण का मांस को पकड़कर बलौदा लाया गया। पकड़े गए आरोपियों मे छतलाल पाटले जो ग्राम पंचायत जर्वे का सरपंच है। शिवचरण चौहान मिडिल स्कूल बुडग़हन में शिक्षक है।
धनुष से करते हैं शिकार
बुडग़हन निवासी रामचरण मुख्य आरोपी है। जिससे पुछताछ की गई तो उसने कहानी बयाकर दी। उसने बताया कि रविवार की रात्रि 9 बजे तीर धनुष लेकर शिकार करने अपने घर से कटरा जंगल की ओर गया। वह नाले के पास घात लगाकर बैठा था। सुबह लगभग 4 बजे एक कोटरी मादा तीर से मारकर शिकार किया। एवं जंगल में ही काटकर अपने घर लाया। वह ग्राहक का इंतजार कर रहा, तभी जर्वे सरपंच व हरदी निवासी शिवचरण को 5 किलोग्राम मटन दिया। इसके बाद बीएसएनएल के एसडीओ को 10 किलो को दो हजार में बिक्री किया। अब इस मामले में वनविभाग की टीम ने वन्य प्राणी अधिनियम 1972 बी की धारा 9, 11, 39, 50, 57 के तहत कार्रवाई की। इस कार्रवाई में वन परिक्षेत्र अधिकारी ओरेस शर्मा, डीपीएस तंवर, जीत कुमार खुंटे, वन सुरक्षा कर्मी कटरा सहित उडऩदस्ता टीम शामिल रहे।