जांजगीर चंपा

CG News: परीक्षा या मजाक? 5वीं-8वीं के पेपर में जवाब लिखने तक की जगह नहीं, खराब कागज पर भड़के शिक्षक

Janjgir Champa News: पिछली बार पांचवी-आठवीं की केंद्रीयकृत परीक्षा अंकसूची की प्रिटिंग में हुई त्रुटियों की भरमार की वजह से विवादों में घिरी थी। इस बार भी केंद्रीयकृत परीक्षा प्रश्नपत्र और उत्तरपुस्तिका में कागज की कंजूसी की वजह से सुर्खियों में है।
2 min read
• •
Updated: 19 Mar 2026, 1:27 PM IST
पांचवीं के प्रश्न-पत्र का कागज घटिया (फोटो सोर्स- पत्रिका)
पांचवीं के प्रश्न-पत्र का कागज घटिया (फोटो सोर्स- पत्रिका)

CG News: पिछली बार पांचवी-आठवीं की केंद्रीयकृत परीक्षा अंकसूची की प्रिटिंग में हुई त्रुटियों की भरमार की वजह से विवादों में घिरी थी। इस बार भी केंद्रीयकृत परीक्षा प्रश्नपत्र और उत्तरपुस्तिका में कागज की कंजूसी की वजह से सुर्खियों में है। अबकि बार प्रश्न पत्र और उत्तरपुस्तिका को एक में ही जोड़कर तैयार किया है। यानीे प्रश्न पत्र में ही उत्तर भी लिखना है। मगर उत्तर के लिए महज चंद लाइनें ही छोड़ी गई है जिसमें पूरा जवाब तक नहीं आ रहा।

कागज भी ऐसा है कि लिखते-लिखते ही फट जा रहा है। स्याही दूसरे पेज पर दिख रही है। इससे उस पेज पर लिखे प्रश्न बच्चों को समझने में परेशान होना पड़ रहा है। परीक्षार्थी सहित शिक्षक संगठन भी परीक्षा के आयोजन को परीक्षार्थियों के साथ मजाक बता रहा है। शिक्षकों का कहना है कि बोर्ड परीक्षा के पेपर में इतनी कंजूसी इससे पहले कभी नहीं देखी।

5वीं में 19197, 8वीं में 18,970 बच्चे पंजीकृत

जांजगीर-चांपा जिले की बात करें तो शासकीय व निजी विद्यालय मिलाकर पांचवीं में जहां 19197 बच्चे पंजीकृत हैं तो वहीं आठवीं में 18,970 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। अभी पांचवीं और आठवीं की एक-एक पर्चा ही हुआ है और परीक्षार्थी हलाकान हो रहे हैं। निजी स्कूलों के प्रति छात्र पांचवीं 55 रुपए और आठवीं 60 रुपए फीस वसूला गया है। प्रदेशभर के निजी व सरकारी स्कूलों के लाखों बच्चे केंद्रीयकृत परीक्षा में शामिल हो रहे हैं। लाखों की संख्या में छपाई हुई है। स्तरहीन कागज लगाकर लाखों-करोड़ों का वारा न्यारा किए जाने से इंकार नहीं किया जा सकता।

उत्तर पुस्तिका का कागज स्तरहीन: प्रदेशाध्यक्ष

छग सहायक शिक्षक/समग्र शिक्षक फेडरेशन के प्रदेशाध्यक्ष रविन्द्र कुमार राठौर ने बताया कि पांचवी-आठवीं की केंद्रीयकृत परीक्षा के लिए जो प्रश्न पत्र और उत्तरपुस्तिका परीक्षार्थियों को दी जा रही है, स्तरहीन है। रफ कागज भी इससे अच्छा रहता है। परीक्षार्थियों को गणित का प्रश्न हल करने लायक उत्तर की पर्याप्त जगह का अभाव था। रफ कार्य के लिए भी कोई जगह नहीं दी गई थी, जो कि उचित नहीं है। उत्तर लिखने के लिए पर्याप्त जगह भी दी जानी चाहिए। पर्यवेक्षक हस्ताक्षर के लिए कोई स्थान नहीं है। कॉपियां लिखते लिखते फट रही है।

डीईओ ने कहा-बाहर से छपकर आया है प्रश्नपत्र

केंद्रीयकृत परीक्षा में प्रश्न पत्र व उत्तरपुस्तिका की गुणवत्ता पर डीईओ जांजगीर-चांपा अशोक सिन्हा का कहना है कि अगर उत्तरपुस्तिका में सवाल लिखने लायक पर्याप्त नहीं है तो बच्चों को अलग से पेज उपलब्ध कराया जाएगा। प्रिटिंग का काम जिले स्तर से नहीं हुआ है। राज्य स्तर से हुआ है और वहीं से प्रश्नपत्रों की सप्लाई हमारे जिले में हुई है। छपाई कहां हुई है, इसकी जानकारी नहीं हैं। हालांकि अभी तक किसी स्कूल से ऐसी शिकायत नहीं मिली है।

Updated on:
19 Mar 2026, 1:27 PM IST
Published on:
Also Read
View All
घोषणा के 3 साल बाद भी नैला चौकी को क्यों नहीं मिला थाने का दर्जा? 23 गांवों की सुरक्षा पर दबाव, जानें वजह!

Shehnaz Akhtar Live Performance: जांजगीर में 16 अक्टूबर को सजेगी भक्ति की शाम, शहनाज अख्तर की भजन संध्या में झूमेंगे श्रद्धालु

CG Strike: जांजगीर में पटवारियों की हड़ताल में भक्ति का माहौल, नामांतरण और सीमांकन के लिए भटक रहे लोग

Supreme Court Notice: जांजगीर में एक करोड़ की मानहानि याचिका पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, तत्कालीन एसडीएम इंद्रजीत बर्मन समेत तीन को नोटिस

Breaking: CM साय के दौरे से पहले कांग्रेस नेताओं पर पुलिस की कार्रवाई, 4 जिला पंचायत सदस्य हाउस अरेस्ट, जानें वजह