झुंझुनू

लाल प्याज के बीज की खेती किसानों को आ रही रास

—एक बीघा में एक से दो क्विंटल फसल झुंझुनूं के उदयपुरवाटी उपखंड में किसानों को पहाड़ी क्षेत्र के लाल प्याज व प्याज के बीज की खेती रास आ रही है। किसान छीतरमल, गिगराज जहाज, हीरालाल सैनी व अन्य कई किसानों ने इसे ही मुख्य फसल के रूप में अपना लिया है। इससे उन्हें काफी आमदनी हो रही है।  

less than 1 minute read
Apr 18, 2023
लाल प्याज के बीज की खेती किसानों को आ रही रास


हर साल बढ़ रहा रकबा
किसान श्रीराम गुर्जर ने बताया कि प्याज के बीज की फसल का रकबा हर साल बढ़ रहा है। इससे पहले किसान जौ, गेंहू व बाजरे की फसल पर आश्रित थे।

25 हजार प्रति बीघा लागत
किसान दीपचंद सैनी ने बताया कि गुजरात से प्याज के रूप में प्याज का बीज मंगाते हैं। यह लगभग दो हजार रुपए का चालीस किलो के भाव से मिलता है। इसको अलग - अलग क्यारियां बनाकर बोया जाता है। प्याज के बीज के लिए एक बीघा में 6—7 क्विंटल बोए जाते हैं। फ सल तैयार करने में लगभग 25 हजार प्रति बीघा लागत आती है।

6 महीने में होती तैयार
किसान सजना देवी ने बताया कि एक बीघा में एक से दो क्विंटल बीज तैयार होता है। यह फसल छह माह में तैयार हो जाती है। यह डेढ से दो हजार रुपए प्रति किग्रा बिकता है।

दूर-दूर तक है मांग
पहाड़ी लाल प्याज के बीज की फसल को नागौर, डीडवाना, हरियाणा में गुरुग्राम , हिसार व जयपुर, सीकर के किसान यहां आकर खरीदकर लेकर जाते हैं।

इनका कहना है...
किसानों का रुझान अब अनाज की फसल के साथ फ ल व सब्जियों की फ सलों में अधिक हो रहा है । जिले में प्याज के बीज का रकबा प्रतिवर्ष बढ़ रहा है । प्याज के बीज की फ सल में लागत कम व मुनाफा अधिक होता है।
- शीशराम जाखड़, सहायक निदेशक (उद्यान) झुंझुनूं

अरुण शर्मा — पचलंगी

Published on:
18 Apr 2023 04:35 pm
Also Read
View All