
नंदकिशोर सारस्वत/जोधपुर. रविवार को अवकाश दिवस होने के साथ हस्तनक्षत्र के साथ सर्वार्थ सिद्धि एवं अमृत सिद्धि का महायोग होने से शहरवासी पंच पर्व धनतेरस, रूप चतुर्दशी, दीपावली, गोवद्र्धन पूजन, भाई दूज के लिए जमकर खरीदारी के मूड़ में हैं। धनतेरस के एक दिन पूर्व ही त्रिपुष्कर योग बनने से भी एक बार फिर सूर्यनगरी के बाजारों में जमकर धनवर्षा की उम्मीद है। शहर के प्रमुख बाजार में इलेक्ट्रॉनिक आइटम, रेडीमेड वस्त्र, सजावट सामग्री, फर्नीचर, ड्राइफ्रूट, साडिय़ों के अलावा वाहनों के नवीनतम मॉडल उपलब्ध हैं। पं. ओमदत्त शंकर ने बताया कि रविवार को सुबह 6.50 बजे से ही सर्वार्थ सिद्धि योग है जो रात्रि भर से दूसरे दिन सोमवार को सुबह 6.53 बजे तक रहेगा। इसमें हस्त नक्षत्र आने से रात्रि 9.34 बजे के बाद में सर्वार्थ अमृत सिद्धि योग और इसी कड़ी में सुबह 3.14 बजे से रात्रि 9.35 बजे तक त्रिपुष्कर योग होने से खरीदारी का श्रेष्ठ योग बना है। देवउठनी ग्यारस से आरंभ सावों की धूम के चलते लोगों का कीमती धातुओं के साथ आभूषण, इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों, बर्तन, फर्नीचर के प्रति विशेष रुझान नजर आ रहा है।
शहर के प्रमुख डाकघर सहित तीन शाखाओं में शुद्ध सोने के एक से 50 ग्राम के सिक्के रहेंगे। वहीं मारवाड़ के ग्रामीण अंचल से पहुंचे लोगों में कृषि उपकरण खरीदने के प्रति उत्साह रहेगा। प्रमुख डिर्पाटमेन्टल स्टोर्स सहित नई सडक़, सरदारपुरा, घंटाघर, त्रिपोलिया, प्रतापनगर, कटला बाजार, सर्राफा बाजार, जालोरीगेट, रातानाडा, महामंदिर क्षेत्र में जबरदस्त खरीदारी का माहौल रहेगा। खरीदारी के महायोग के साथ शुभ मुहूर्त में भीड़ से बचने के लिए अग्रिम बुकिंग और प्रतिष्ठानों की ओर से होम डिलीवरी का इंतजाम किया गया है। व्यापारियों को उम्मीद है कि रविवार को पूरे दिन शुभ मुहूर्त के साथ-साथ जमकर खरीदी से मिनी धनतेरस का माहौल रहेगा।
उम्मीदों को लगेंगे पंख
जोधपुर सर्राफा एसोसिएशन को उम्मीद है कि रविवार व सोमवार को चांदी से बने सिक्कों की बिक्री होगी। एसोसिएशन के अनुसार कीमती धातुओं पर महंगाई का विशेष असर नहीं रहेगा। शहर के बाशिंदे श्रद्धा के साथ-साथ शगुन के रूप में खरीदारी कर सोने के प्रति अपना परम्परागत मोह दर्शाएगे। एसोसिएशन की ओर से 999 टंच मार्का शुद्ध चांदी से बने सिक्के बाजार में दस ग्राम में उपलब्ध कराए गए हैं।
कब क्या खरीदें
सुबह 9.37 से 12.21 बजे ------ लाभ अमृत -----मशीनरी, सभी तरह के उपकरण व यंत्र, सिक्के, इलेक्ट्रीक उत्पाद।
दोपहर 12 से 12.43-------अभिजित -------- जमीन, प्रोपर्टी, फर्नीचर,वाहन, रसोई की वस्तुएं, इलेक्ट्रीक उत्पाद।
दोपहर 1.44 से 3.06 ------------शुभ ------------ गृह साज सज्जा का सामान
शाम 5.51 से रात्रि 9.06 तक --------शुभ व अमृत -------आभूषण, चांदी व अन्य धातु, रत्न, इलेक्ट्रीक उत्पाद।
रात्रि 9.06 से 10.44 तक -------चर वेला-----------वाहन, सभी तरह के गृह उपयोगी सामान, फर्नीचर, कीमती धातु