परीक्षा परिणाम आने के कई माह बाद भी नहीं मिल रही अंकतालिकाएं
बासनी/जोधपुर.
जयनारायण व्यास विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों को परीक्षा देने व परिणाम आने के महीनों बाद भी मूल अंकतालिकाओं का इंतजार हैं। विवि में सत्र २०१६-१७ की परीक्षाएं उत्तीर्ण करने वाले विद्यार्थियों को मूल अंकतालिका के लिए विवि के कार्यालयों में चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। जेएनवीयू के कला संकाय के विभिन्न विभागों से स्नातकोत्तर करने वाले अधिकतर विद्यार्थियों ने अप्रेल माह में परीक्षाएं दी थी। इनके परिणाम करीब-करीब जून-जुलाई में आ गए। परिणाम के चार-पांच माह बाद भी मूल अंकतालिकाएं विभागों में नहीं आई। इससे छात्रों को संबंधित विभाग, ऑनलाइन अनुभाग और परीक्षा अनुभाग के बीच चक्करघिनी होना पड़ रहा है।
सत्र २०१६-१७ में परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले छात्रों को इंटरनेट से निकाली गई अंक तालिका के भरोसे ही काम चलाना पड़ रहा है। विवि से इस वर्ष फाइनल की परीक्षा पास करने वाले छात्रों को मूल अंकतालिका के अभाव में कहीं अन्यत्र प्रवेश संबंधित कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। वहीं रोजगार के लिए आवेदन करने वाले छात्रों को भी दस्तावेज सत्यापन के दौरान मूल अंकतालिका के अभाव में निराशा ही हाथ लग रही है। जेएनवीयू को संभाग स्तरीय विवि का दर्जा मिलने के बाद विवि से संबद्ध बाड़मेर, जैसलमेर , पाली आदि जिलों के विभिन्न महाविद्यालयों के विद्यार्थियों को भी अपनी मूल अंक तालिकाओं का इंतजार है।
अप्रेल में हुई परीक्षाएं, जून में आए परिणाम
जेएनवीयू के विभिन्न विभागों में स्नातकोत्तर करने वाले अधिकांश विद्यार्थियों की परीक्षाएं विवि की ओर से अप्रेल माह में करवाई गई थीं। इनमें से अधिकतर परीक्षाओं के परिणाम जून व जुलाई में घोषित कर दिए गए थे। परिणाम आने के चार माह से अधिक होने के बाद भी विद्यार्थियों की मूल अंकतालिकाएं संबंधित विभागों में नहीं पहुंची है। ऐसे में विवि से पास आउट छात्रों को मूल अंकतालिकाओं के लिए बार-बार संबंधित विभाग और केन्द्रीय कार्यालय के बीच चक्कर लगाने पड़ रहेे हैं।
इनका कहना है
छात्रों की मूल अंकतालिकाएं लगभग तैयार हो गई हैं। जैसे-जैसे अंकतालिकाएं मुद्रित हो कर आ रही हैं, उन्हें संबिंधित विभागों को भेजा जा रहा है। कुछ अंकतालिकाएं संबंधित विभागों में भेजी जा चुकी है तो कुछ अभी भेज रहे हैं। विवि से संबद्ध महाविद्यालयों को भी अंकतालिकाएं कुछ दिनों में भेज दी जाएंगी।
- अशोक जोशी, सहायक रजिस्ट्रार, परीक्षा अनुविभाग, जेएनवीयू