जोधपुर

Lumpy skin disease : बढ़ी पशुपालकों की चिंता, इलाज की नहीं सुविधा

क्षेत्र में इन दिनों मवेशियों में कहर ढा रही लंपी स्किन नामक बीमारी ने श्रीकृष्णनगर चाडी, श्रीलक्ष्मणनगर, सियोलनगर गांव में भी दस्तक दे दी है।

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Jun 29, 2022
Lumpy skin disease :  बढ़ी पशुपालकों की चिंता, इलाज की नहीं सुविधा
Lumpy skin disease : बढ़ी पशुपालकों की चिंता, इलाज की नहीं सुविधा

आऊ (जोधपुर) . क्षेत्र में इन दिनों मवेशियों में कहर ढा रही लंपी स्किन नामक बीमारी ने श्रीकृष्णनगर चाडी, श्रीलक्ष्मणनगर, सियोलनगर गांव में भी दस्तक दे दी है।

गांव के पशुओं में एकदम से आई लंपी स्किन डिजीज ने पशुपालकों की चिंता बढ़ा दी है। गांव में फैल रही इस बीमारी के चलते पशुपालक दहशत में है। गांव में दो दर्जन से अधिक गाय व बैलों में यह बीमारी फैल चुकी है। चाडी व आस पास क्षेत्र में फैल रही इस बीमारी से पशुपालक चिंतिंत है।

गांव में दर्जनों गायों में यह बीमारी फैल चुकी है। इसकी चपेट में आई गायों के शरीर पर फोड़े (फफोले) हो चुके हैं। इनमें पानी भरा होता है। समय पर सही इलाज नहीं मिलने पर इन फोड़ों से घाव बन जाता है, जो पशु की परेशानी बढ़ा रहा है। पशुपालकों के अनुसार इसकी चपेट में आई गायों को लगातार बुखार रहता है। श्रीकृष्णनगर गांव में कई पशुओं की इस बीमारी से मौत भी हो चुकी है।

पशुपालकों ने बताया कि अचानक पशुओं के मुंह पर छाले, पैरों में खुजली आदि अलग अलग बीमारी फैलने लगी है। जिसके बाद इलाज़ करवाते पशुओं की मौत हो रही है। पशुपालकों की दूधारू गाय की लगातार फैल रही बीमारी कारण पशुपालकों में भय होता जा रहा है।


इन्होंने कहा
यह एक वायरल बीमारी है। इसके इलाज के लिए कोई निश्चित औषधि भी नहीं है ना कोई टीका तैयार हुआ। सामान्यत इस बीमारी से ग्रस्ति पशु को स्वत: ही एक सप्ताह में ठीक हो जाता है। फिर भी लक्षणों से राहत के लिए कुछ दवाइयां दी जाती है।

डॉ. ओमप्रकाश विश्नोई, पशु चिकित्सा अधिकारी भींयासर।

Published on:
29 Jun 2022 07:54 pm