
Kanpur news: कानपुर में करीब 11 वर्ष पहले बिल्हौर के दादरपुर कटहा गांव में मां-बेटे ने मिलकर गांव के ही एक व्यक्ति को मारपीट कर घायल कर दिया था। मामले की सुनवाई करते हुए अपर जिला जज प्रथम की कोर्ट ने आरोपित मां बेटे को दोष सिद्ध करते हुए 3 वर्ष कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही तीन-तीन हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है।
2012 की थी घटना
सहायक शासकीय अधिवक्ता केके सिंह ने बताया कि बिल्हौर क्षेत्र के गांव दादरपुर कटहा निवासी अमरेश ने पुलिस को दिए शिकायती पत्र में बताया था कि 12 सितंबर 2012 की शाम उसके पिता कोतवाल यादव अपने भाई के बरामदे में तख्त पर बैठे थे। उसी समय गांव की रहने वाली रानी देवी अपने पुत्रों शिवम बाजपेई व दीपक बाजपेई के साथ अपने अपने हाथों में कुल्हाड़ी सरिया लेकर आए और उसके पिता को भद्दी भद्दी गालियां देने लगे। पिता ने इसका विरोध किया तो सभी ने मिलकर उन पर हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो और हाथ पैर टूट गए। इसके बाद आरोपित जान से मारने की धमकी देकर चले गए। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था।
3 साल की हुई सजा
सहायक शासकीय अधिवक्ता केके सिंह ने बताया कि जिसकी सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम चंद्रशेखर की कोर्ट में चल रही थी। नियत तिथि पर मामले की सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के के बाद आरोपित रानी देवी और पुत्र दीपक को दोष सिद्ध करते हुए 3- 3 साल के कारावास की सजा सुनाई गई। इसके साथ ही 3- 3 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया गया। अर्थदंड अदा न करने पर दोषियों को दो माह का अतिरिक्त कारावास काटना होगा।