
Kawardha News: छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले के कई मिलर्स बेहद लापरवाह हो चुके हैं, जिस पर प्रशासनिक नियंत्रण भी नहीं है। इसके चलते ही तो धान के उठाव के बाद भी पूर्ण रुप से मिलर्स द्वारा चावल जमा नहीं किया गया है। कलेक्टर ने ऐसे लापरवाह 31 राईस मिलर्स की बैंक गांरटी राजसात करने और राईस मिल को ब्लैक लिस्टेड करने के निर्देश दिए हैं। जिले में चावल जमा करने की प्रक्रिया में देरी से सार्वजनिक वितरण प्रणाली पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है जिससे आम जनता को असुविधा होगी। इसीलिए समय पर चावल जमा करना अत्यंत महत्वपूर्ण है।
Kawardha News: कलेक्टर गोपाल वर्मा ने जिला कार्यालय के सभाकक्ष में खाद्य विभाग के अधिकारियों की बैठक लेकर खरीफ विपणन वर्ष 2023-24 के अंतर्गत कस्टम मिलिंग के लिए धान का उठाव और नान तथा एफसीआई में चावल जमा करने के संबंध में गहन समीक्षा की। कलेक्टर ने लक्ष्य के अनुरूप कम चावल जमा करने पर कड़ी नराजगी जाहिर की और 31 राईस मिलर्स को कारण बताओ नोटिस जारी करने के साथ ही चावल जमा नहीं करने पर बैंक गारंटी राजसात करने के साथ राईस मिल को ब्लैक लिस्टेड करने के निर्देश दिए।
Kawardha News: कलेक्टर ने अधिकारियों को नियमित रूप से मॉनिटरिंग करने, भौतिक सत्यापन और प्रतिदिन की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। जिला खाद्य अधिकारी सचिन मरकाम ने बताया कि जिले के राईस मिलर्स द्वारा 3 लाख 32 हजार 114 मीट्रिक टन धान का उठाव किया गया है। इसके अनुरूप राईस मिलर्स को 2 लाख 24 हजार 830 मीट्रिक टन चावल जमा करना था लेकिन अब तक राईस मिलर्स द्वारा 1 लाख 57 हजार 987 मीट्रिक टन चावल जमा किया गया है। कलेक्टर ने शेष 66 हजार 847 मीट्रिक टन चावल जमा करने के सत निर्देश दिए हैं।
कलेक्टर ने कहा कि जिले में धान का उठाव हो चुका है, लेकिन चावल जमा करने की प्रक्रिया में तेजी लाने की आवश्यकता है। उन्होंने अधिकारियों को सत निर्देश दिए कि समय सीमा के भीतर सभी राइस मिलर्स से चावल जमा कराएं और इस संबंध में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कलेक्टर ने यह भी कहा कि यदि तय समय सीमा में चावल जमा नहीं होता है नियामानुसार सती बरती जाएगी।
कलेक्टर ने जिले के 31 राईस मिलर्स को कारण बताओ नोटिस जारी करने और चावल जमा नहीं करने पर बैंक गारंटी राजसात करने के साथ राईस मिल को ब्लैक लिस्टेड करने के निर्देश दिए। इसमें रॉयल राईस फूड, सुरज राईस मिल बोड़ला, वर्धमान एग्रो इंडस्ट्रीज, नरायणी उद्योग, हितांशु राईस मिल, एके राईस मिल छिरहा, जनता राईस मिल हरिनछपरा बोड़ला, आरके राईस हाउस, रॉयल फूड खुंटू, हितांशु फु ड्स, हीरा फू ड प्रोडक्ट, मां गौरी राईस मिल, हाडा एग्रो, गुरूदेव राईस मिल, प्रियंका राईसमिल रबेली, मां अंबे राईस मिल धरमपुरा, दीपिका राईस मिल, श्री कृष्णम एग्रो शांतिदीप राईस प्रोडक्ट, एमएस जनक राईस मिल, श्री बालाजी राईस मिल, श्री प्रभुजी राईस मिल, अरिहंत राईस मिल सिंघनपुरी, जनता राईस मिल, सिद्धार्थ राईस मिल, जैन राईस मिल, विजय अन्न भंडार, अपूर्वा राईस मिल छिरहा, वीनिता राईस मिल, मंगल राईस प्रोडक्ट, फू ड्स को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं। इनके द्वारा 36 हजार 97 मीट्रिक टन चावल जमा किया गया है। 16 हजार 50 मीट्रिक टन चावल जमा करना शेष है।