ब्लैक स्पॉट पर दुर्घटनाओं को रोकने के लिए सोलर डिलिनेटर, केट आइ, क्रैश बैरियर, शेवरॉन का उपयोग किया जाएगा। इसकी शुरूआत यातायात एवं एमपीआरडीसी द्वारा शहरी क्षेत्र के ब्लैक स्पॉट माता चौक से रामनगर तक और चिराखदान से ग्राम टिठियाजोशी पूल से की जा रही है।
सोमवार को यातायात डीएसपी अनिल कुमार राय ने एमपीआरडीसी के निर्देशक आशीष सिंघल के साथ शहरी क्षेत्र के चिन्हित ब्लैक स्पॉट माता चौक से रामनगर तक और चिराखदान से ग्राम टिठियाजोशी पूल तक का जायजा लिया। दरअसल किसी तरह का सुधार कार्य नहीं होने से लगातार हो रहे हादसो को लेकर पत्रिका ने खबर प्रकाशित की। जिसमें जिम्मेदार सड़क निर्माण एजेंसियों की लापरवाही उजागर की थी। इस खबर के बाद यातायात और एमपीआरडीसी के अधिकारियों की नींद खुली है।
निरीक्षण के दौरान मार्गों पर होने वाली बार-बार की सड़क दुर्घटनाओं, यातायात दबाव, सड़क की बनावट, संकेतक, स्पीड ब्रेकर, प्रकाश व्यवस्था एवं पैदल यात्रियों की सुरक्षा से संबंधित बिंदुओं पर विशेष ध्यान दिया गया। डीएसपी राय ने यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने, तेज गति पर नियंत्रण, सही स्थानों पर साइन बोर्ड एवं रोड मार्किंग, खराब अथवा अनुपयुक्त स्पीड ब्रेकरों के सुधार और दुर्घटनाओं की संभावना वाले स्थलों पर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए। एमपीआरडीसी के निर्देशक सिंघल ने अपने अधिनस्थ अधिकारियों को शीघ्रता से सुधार करने के लिए कहा है।
- निर्धारित गति सीमा में वाहन चलाएं।
- सड़क पर सावधानी बरतें और संकेतकों का पालन करे।
- हेलमेट एवं सीट बेल्ट का उपयोग अनिवार्य रूप से करें।
यातायात डीएसपी अनिल कुमार राय ने बताया कि एमपीआरडीसी ने सुधार कार्य को जिम्मा एक एजेंसी को दिया है। माता चौक से रामनगर के बीच स्पीड ब्रेकर में सुधार, वाइट रिफ्लेक्टर पट्टी लगाई जाएगी। मीडियन कट को भी बंद किया जाएगा। इसके साथ ही पुल के पास टिठियाजोशी मार्ग के बीच बेरियर को डबल किया जाएगा। यहां रोड वाइंडिंग की जाएगी, जिससे की मोड़ पर वाहनों की गति नियंत्रित रहेगी।