व्यापारियों ने की 25 फरवरी मेले की अवधि बढ़ाने की मांग
नवग्रह मेले को संस्कृति विभाग से नहीं मिली पर्याप्त मदद, एक दिन में सिमटेगा सांस्कृतिक कार्यक्रम
-व्यापारियों ने की 25 फरवरी मेले की अवधि बढ़ाने की मांग
खरगोन. शहर का प्रसिद्ध व प्रदेश के प्रमुख आयोजनों में शुमार नवग्रह मेले काे इस बार भी संस्कृति विभाग की ओर से पर्याप्त मदद नहीं मिल सकी। हालात यह है कि पहले तीन दिन तक सांस्कृतिक आयोजनों से सजने वाला मेला एक दिवसीय सांस्कृतिक कार्यक्रम में सिमटकर रह जाएगा। उल्लेखनीय है हर वर्ष जनप्रतिनिधि संस्कृति विभाग के माध्यम से नवग्रह मेले को पहचान दिलाने और मदद को लेकर आश्वासन देते हैं। परंतु अब तक पूरी तरह से नवग्रह मेले को सांस्कृतिक विभाग से पहचान नहीं मिल पाई है। एक जनवरी को मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मेले का शुभारंभ किया था। मेले के ले-आउट में बदलाव के साथ ही 10 जनवरी से मेला लगना शुरू हुआ था। इस वर्ष 19 फरवरी को एक दिवसीय सांस्कृतिक आयोजन होगा। इसमें भजन गायिका शहनाज अख्तर प्रस्तुति देंगी।
दुकानों और झूलों की संख्या बढ़ी
मेले में इस बार झले व दुकानों की संख्या बढ़ी है। इस वर्ष मेले में सर्कस नहीं आया। इससे नागरिकों को निराशा हुई। वहीं मौत का कुआं व टूरिंग टाॅकीज भी लंबे समय से नहीं आ रहे हैं। मेला अधिकारी राजेंद्र चौहान ने बताया कि इस वर्ष मेले में झूले और दुकानों की संख्या पिछले वर्ष की तुलना में अधिक रही। पिछले वर्ष करीब 13 बडे झूले लगे थे। इस बार 17 झूले लगे। इसी प्रकार पिछले वर्ष करीब 395 दुकानें लगी थी। इस वर्ष करीब 415 दुकानें लगी है।
मेले की अवधि बढ़ाने की मांग
मेला व्यापारी संघ अध्यक्ष अध्यक्ष हरीश गोस्वामी ने बताया कि मेले की अवधि बढ़ाने की मांग की जा रही है। 20 फरवरी को मेला समापन को लेकर असमंजस है। उनकी मांग है कि 25 फरवरी तक मेले की अवधि बढ़ाई जाना चाहिए। 22 फरवरी को गुरुवार को मेले में बाबा नवग्रह की पालकी यात्रा निकाली जाएगी। वहीं 25 फरवरी को रविवार होने के कारण मेले में बड़ी संख्या में नागरिक आएंगे। इसलिए मेले की अवधि बढ़ाई जाना चाहिए।
संस्कृति विभाग की ओर से मेले मेें मदद नहीं मिल पाई है। 19 फरवरी को नगर पालिका द्वारा मेले में प्रसिद्ध गायिका शहनाज अख्तर की भजन संध्या आयोजित की जाएगी। -भोलू कर्मा, उपाध्यक्ष, नगर पालिका, खरगोन