- ट्रायल के तौर पर एक विमान रायपुर से कोरबा और फिर कोरबा से वापस रायपुर के लिए हुआ था रवाना
कोरबा. ऊर्जाधानी में एसईसीएल, एनटीपीसी, बालको, एसीबी, विद्युत कंपनी, लैंको सहित अन्य उपक्रम होने की वजह से देश व विदेशों के अधिकारियेां को यहां हर महीने प्रवास लगा रहता है। इसे देखते हुए ही ५ साल पूर्व घरेलू विमान सेवा की शुरूआत सरकार द्वारा की गई थी। ट्रायल के तौर पर एक विमान रायपुर से कोरबा और फिर कोरबा से वापस रायपुर के लिए रवाना हुआ था। ट्रायल में ही विमानन अधिकारियों को यहां के रूमगरा एयरस्ट्रिप में खामियां नजर आई थी। दरअसल इस एयरस्ट्रिप की लंबाई काफी छोटी है।
विमानन विभाग के अधिकारियों ने प्रशासन से इसकी लंबाई बढ़ाने की बात कही थी। उसके बाद लंबाई बढ़ाने के लिए एक बार सर्वे भी किया गया था। लेकिन फिर प्रक्रिया ठंडे बस्ते में डाल दी गई। तब से यह मामला अटका हुआ है। कुछ माह पूर्व सरकार द्वारा प्रदेश के पांच शहर रायगढ़, बिलासपुर, अंबिकापुर, रायपुर और जगदलपुर शहर में यह सुविधा शुरू करने की घोषणा की गई थी। कोरबा में इस सुविधा के शुरू नहीं होने से लोगों में निराशा है।
राजस्व विभाग जुटा है जमीन की नापजोख में
हालांकि राजस्व मंत्री के निेर्दश पर पिछले महीने से राजस्व विभाग एयरस्ट्रीप के आसपास जमीन की नापजोख करने में जुट गया है। कई एकड़ जमीन लेने के बाद ही इसकी लंबाई बढ़ सकेगी। हालांकि अभी आचार संहिता लगी हुई है।
बिलासपुर की जगह कोरबा में शुरू करने की मांग
शहरवासियों का मानना है कि बिलासपुर से रायपुर की दूरी कम है। रायपुर से अन्य शहरों के लिए फ्लाइट पकडऩे के लिए बिलासपुर से दो घंटे में ही पकड़ा जा सकता है। जबकि कोरबा से इसके लिए पांच घंटे लग जाते हैं। इसलिए कोरबा से रायपुर तक के लिए घरेलू विमान सुविधा शुरू करना बहुत जरूरी है।