
कोटा। धानमंडी में बिल्डिंग गिरने के बाद मलबे में दबे चार घायल लोगों को एमबीएस अस्पताल में भर्ती करा दिया है, जहां उनका उपचार चल रहा है। वहीं सेना की एक टुकड़ी पर और सिविल डिफेंस के कार्यकर्ताता बचाव उपकरणों के साथ मौके पर पहुंच गए हैं। अब राहत कार्य में तेजी आई है। अभी एक और व्यक्ति में मलबे में दबे होने की आशंका बताई जा रही है। घायलों ने अस्पताल में पत्रिका को बताय कि वे किचन में साफ सफाई का कार्य कर रहे थे तबी अचानक बिल्डंग हिली और जब तक वे बाहर निकलते तब तक गिर गई।
10 लोग अभी भी दबे, चार घायलों को अस्पताल भेजा
बियर बार के मलबे में अभी भी 10 लोग दबे हुए हैं। जिन्हें निकाले का कार्य जारी है। हादसे की सूचना पर प्रशासन, पुलिस, नगर निगम और आपदा प्रबंधक की टीम राहत कार्यों में जुटी हैं। इसमें तीन लोगों को निकालकर मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
पूरी बिल्डिंग मलबे में तब्दील हो गई इस कारण लोग किस तरफ दबे इसका अंदाजा लगाना मुश्किल हो रहा है। इससे राहत कार्य की गति बहुत धीमी है। कटर से मलबे काटकर उन्हें ढूढऩे का प्रयास किया जा रहा है। यह बिल्डिंग ईंटों की दीवार पर ही दो मंजिला बना ली गई, इसके निर्माण में पिलर नहीं बनाए गए।
दमकलें भी पहुंची मौके पर
अग्निशमन विभाग से एक दर्जन से अधिक दमकलें मौके पर पहुंची है। राहत कार्य के लिए हर स्तर पर हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।
राहत और बचाव कार्य के राहत और बचाव कार्य के लिए आरएसी और एसडीआरएफ की टीम भी मौके पर पहुंच चुकी है। घायलों को निकालने का लगातार प्रयास जारी है। जिला कलक्टर रोहित गुप्ता और आईजी विशाल बंसल भी मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्य का जायजा ले रहे हैं। नगर निगम के आयुक्त डॉक्टर विक्रम जिंदल भी मौके पर पहुंच चुके हैं। लोगों की भीड़ को घटनास्थल से हटाया जा रहा है।
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मौके पर भीड़ अधिक होने से राहत और बचाव कार्य में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बियर बार की 2 मंजिला बिल्डिंग गिरने से मलबा अधिक होने से उसमें काफी लोगों के दबे होने की सूचना है। पत्थरों को हटाकर राहत कार्य किया जा रहा है। नगर निगम का राहत बचाव कार्य लोगों को नियंत्रित कर मलबे में दबे घायलों को निकालने का कार्य कर रहे हैं।