एसपी ने भी विधायक पर हमले के खतरे की रिपोर्ट सीआईडी को भेजी थी
कोटा. पूर्व मंत्री भरतसिंह के गांव कुंदनपुर में विकास यात्रा पर पथराव की घटना के बाद सांगोद विधायक हीरालाल नागर ने मुख्यमंत्री, गृहमंत्री और पुलिस अधिकारियों को पत्र लिखकर जान को खतरा बताते हुए सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है। उधर अप्रेल में ग्रामीण एसपी राजीव पचार ने सीआईडी (सुरक्षा) उप महानिरीक्षक पुलिस मुख्यालय को पत्र लिखकर विधायक पर खतरे के आंकलन की रिपोर्ट भेज दी थी। इसमें कहा था कि सुरक्षा की दृष्टि से एक अतिरिक्त पीएसओ उपलब्ध करवाया जाना उचित रहेगा।
विधायक नागर ने बताया कि पिछले काफ ी समय से विधानसभा क्षेत्र के अवैध खननकर्ता, शराब माफि या एवं राजनैतिक द्वेषता रखने वाले प्रतिद्वन्दियों की ओर से क्षेत्र में दौरे के दौरान सुनियोजित तरीके से काले झण्डे दिखाना, मुर्दाबाद के नारे लगवाना जैसे कृत्य किए जा रहे हैं। पिछले दिनों प्रदेश के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री कालीचरण सर्राफ एवं कोटा-बूंदी सांसद ओम बिरला के द्वारा पीएचसी कुन्दनपुर के लोकार्पण कार्यक्रम में कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पूर्व मंत्री की ओर से व्यवधान उत्पन्न किया गया था। अवैध खनन का मामला विधानसभा में भी उठाया था। इस कारण कई आपराधिक प्रवृत्ति के लोग द्वेषता रखते हैं एवं विधानसभा क्षेत्र के बाहर भी मेरे ऊपर जानलेवा हमला हो सकता है। अत: सुरक्षा उपलब्ध करवाई जाए।
एसपी ने भी जताई की आशंका
उप महानिरीक्षक पुलिस, सीआईडी (सुरक्षा) पुलिस मुख्यालय जयपुर को कोटा ग्रामीण एसपी ने सुरक्षा आंकलन रिपोर्ट भेजी थी। जिसमें माना था कि सांगोद, कनवास, बपावरकलां, ईस्लामनगर, गरडाना, आकोदिया, कुराड़, आवां, मोईकलां, कुन्दनपुर कस्बों में भ्रमण के दौरान असामाजिक तत्वों द्वारा अप्रिय घटना करने से इनकार नहीं किया सकता एवं सुरक्षा की दृष्टि से अतिरिक्त पीएसओ उपलब्ध कराया जाना उचित रहेगा। विधायक ने कहा कि इसके बाद भी अतिरिक्त सुरक्षा उपलब्ध नहीं करवाई गई है।
थानाधिकारियों को कार्रवाई के दिए थे आदेश
हालांकि एसपी ने जिले के सभी थानाधिकारियों को आदेश दिया था कि विधायक के दौरे के दौरान स्थानीय परिस्थितियों, व्याप्त खतरों एवं कानून व्यवस्था की स्थिति के मद्देनजर स्वविवेक के अनुसार पूर्ण सुरक्षा उपलब्ध कराने की व्यवस्था करें और संभावित खतरों पर उचित निरोधात्मक कार्रवाई किया जाना उचित रहेगा।