कोटा

गोगामेड़ी हत्याकांड में वांटेड दो लाख के इनामी आरोपी महेन्द्र के खिलाफ कोटा, जयपुर, जोधपुर, अजमेर में भी दर्ज मामले

Gogamedi murder case : कोटा के गुमानपुरा थाने का हिस्ट्रीशीटर कोटा के छावनी निवासी महेन्द्र उर्फ समीर श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की हत्या के मामले में वांटेड है। महेन्द्र कोटा और जयपुर में ही नहीं, जोधपुर, अजमेर में भी अपराध कर चुका। इन सभी मामलों में कोर्ट में केस पेंडिंग चल रहे हैं। आरोपी के खिलाफ दर्ज कुल चौदह मामलों में आधे पेंडिंग हैं। गोगामेड़ी की हत्या के बाद से तो कोटा-बूंदी, जयपुर सहित अन्य शहरों की पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।

2 min read
Dec 14, 2023

Gogamedi murder case : कोटा के गुमानपुरा थाने का हिस्ट्रीशीटर कोटा के छावनी निवासी महेन्द्र उर्फ समीर श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की हत्या के मामले में वांटेड है। जयपुर पुलिस की क्राइम ब्रांच ने उसकी गिरफ्तारी पर दो लाख रुपए का इनाम घोषित किया है। महेन्द्र कोटा में छोटे-मोटे जुर्म करते-करते लॉरेन्स विश्नोई गैंग के नेटवर्क तक पहुंच गया। मात्र दो साल में शेखावटी के अपराधियों से जुडकऱ विश्नाेई गैंग के हथियार तस्करी के नेटवर्क को संभालने लगा। महेन्द्र व पूजा सैनी द्वारा ही जयपुर में होने वाले अपराधों में हथियार सप्लाई करने के खुलासे हुए हैं।

चोरी-मारपीट से बढ़ता गया आगे
आरोपी महेन्द्र उर्फ समीर के खिलाफ कोटा के विभिन्न थानों में चोरी-मारपीट, लूट-डकेती की साजिश रचने, हत्या का प्रयास, अवैध शराब, आम्र्स एक्ट, अपराधियों को आश्रय देने जैसे 24 मामले दर्ज हैं। ये मामले 2008 से लेकर 2018 तक हैं। इसके बाद महेन्द्र कोटा से फरार हो गया। 10 साल में उसने इतने अपराध किए कि गुमानपुरा थाना पुलिस ने उसे हिस्ट्रीशीटर घोषित कर दिया। सबसे ज्यादा अपराध उसने गुमानपुरा थाना क्षेत्र में ही किए। अकेले इस थाने में ही सात मामले दर्ज हैं।

इन मामलों में से 3 में कोर्ट से दोषमुक्त हुआ, जबकि तीन मामले कोर्ट में पेंडिंग हैं। एक मामले में सजा भुगत चुका तो एक में डिस्चार्ज है। महावीर नगर में दो मामले दर्ज हैं। इन मामलों में से एक मामले में कोर्ट ने संदेह का लाभ देकर बरी किया तो दूसरा मामला पेंडिंग चल रहा है। इसके अलावा उद्योग नगर में दो मामले दर्ज हुए, जिसमें एक में बरी हुआ तो एक पेंडिंग चल रहा है। इसके अलावा विज्ञान में एक मामले में कोर्ट में केस पेडिंग, मकबरा के एक मामले में बरी हुआ। नयापुरा और अनन्तपुरा पुलिस थानों में दर्ज मामलों में केस कोर्ट में पेंडिंग चल रहे हैं।

जयपुर, जोधपुर, अजमेर में भी दर्ज मामले
महेन्द्र कोटा और जयपुर में ही नहीं, जोधपुर, अजमेर में भी अपराध कर चुका। इन सभी मामलों में कोर्ट में केस पेंडिंग चल रहे हैं। आरोपी के खिलाफ दर्ज कुल चौदह मामलों में आधे पेंडिंग हैं। गोगामेड़ी की हत्या के बाद से तो कोटा-बूंदी, जयपुर सहित अन्य शहरों की पुलिस उसकी तलाश में जुटी है।

नागर बस्ती छावनी में आरोपी महेन्द्र का पूरा परिवार है। उसकी पत्नी संगीता व 10 व 8 साल से दो बच्चे हैं। इसके अलावा माता-पिता हैं। पिता ऑटो चालक हैं। दो भाई व उनका परिवार तथा एक बहन है। 2018 में महेन्द्र अपना परिवार छोडकऱ पुलिस के डर से भाग गया था।

Also Read
View All