भाजपा के खिलाफ बारां से बड़ा पॉलिटिकल कार्ड खेलते हुए कांग्रेस ने किसान न्याय यात्रा का आगाज किया है।
राजस्थान में बदहाल किसानों को न्याय दिलाने के लिए कांग्रेस ने राजस्थान सरकार के खिलाफ कांग्रेस किसान न्याय यात्रा की बारां से शुरुआत की। राजस्थान विधानसभा चुनावोंं से एक साल पहले ही कांग्रेस ने भाजपा सरकार के खिलाफ आक्रामक रूख अख्तियार करते हुए मुख्यमंत्री और उनके सांसद पुत्र पर सीधा निशाना साधा है।
मंगलवार को कांग्रेस की किसान यात्रा बारां से शुरू हुई। इस यात्रा के जरिए कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सचिन पायलट सीएम के चुनावी इलाके में सरकार की 'पोल-पट्टी' खोलेंगे। बारां से पदयात्रा शुरू कर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सचिन पायलट पहले दिन पदयात्रा का पड़ाव बामला गांव में डालेंगे। इसके बाद दूसरे दिन खानपुर व तीसरे दिन मंडावर में पड़ाव डाला जाएगा। चोथे दिन पदयात्रा के झालावाड़ पहुंचने पर वहां किसान सम्मेलन का आयोजन होगा। बारां से मंगलवार को शाम चार बजे पदयात्रा की शुरुआत की गई। जिसमें बड़ी संख्या में कांग्रेसी मौजूद रहे।
दबाई जा रही किसानों की आवाज
पदयात्रा शुरू करने से पहले सचिन पायलट ने कहा की देश में हर ओर किसानों और छात्रों की आवाज को दबाया जा रहा है। पिछले चार साल में राजस्थान की हालत बद से बद्त्तर हो गई। है। हाड़ौती सीएम और उनके पुत्र का चुनावी इलाका है, बावजूद इसके यहां पूरे राजस्थान में सबसे ज्यादा किसानों ने आत्म हत्याएं की है। इससे पता चल जाता है कि भाजपा सरकार की सारी नीतियां पूंजिपतियों के हित में हैं और किसान विरोधी हैं। वहीं नेता प्रतिपक्ष डूडी ने कहा की कांग्रेस किसान की आवाज बनेगी। बारां जिले से पदयात्रा का आगाज किया जा रहा है।
उमड़ी ग्रामीणों की भीड़
कांग्रेस की किसान यात्रा में हाड़ौती के ग्रामीणों की खासी भीड़ उमड़ पड़ी। लोग बैलगाड़ियों से ही किसान यात्रा में शामिल होने के लिए बारां पहुंच गए। किसान न्याय यात्रा को लेकर राजस्थान कांग्रेस कार्यकर्ताओं का उत्साह भी देखते ही बन रहा था। हर कोई अपनी ओर से पूरी तैयारी करके आया था।