Rajasthan State Gas: राजस्थान स्टेट गैस लिमिटेड (आरएसजीएल) द्वारा कोटा शहर में घरेलू पाइपलाइन गैस (डीपीएनजी) कनेक्शन उपलब्ध कराने के लिए डोरस्टेप शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य बहुमंजिला अपार्टमेंट्स और आसपास की कॉलोनियों के निवासियों को आसान और त्वरित तरीके से गैस कनेक्शन उपलब्ध कराना है ।
Gas Pipeline: कोटा. राजस्थान स्टेट गैस लिमिटेड (आरएसजीएल) द्वारा कोटा शहर में घरेलू पाइपलाइन गैस (डीपीएनजी) कनेक्शन उपलब्ध कराने के लिए डोरस्टेप शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य बहुमंजिला अपार्टमेंट्स और आसपास की कॉलोनियों के निवासियों को आसान और त्वरित तरीके से गैस कनेक्शन उपलब्ध कराना है ।
आरएसजीएल के प्रबंध निदेशक विनय पाटनी ने बताया कि कोटावासियों को अब गैस कनेक्शन के लिए लंबी प्रक्रिया से नहीं गुजरना पड़ेगा, बल्कि शिविरों के माध्यम से उनके घर के पास ही यह सुविधा उपलब्ध होगी ।
डोरस्टेप शिविरों का पहला चरण 1 मई से 8 मई तक आयोजित किया जाएगा। इस दौरान सुभाष नगर प्रथम, विवेकानंद नगर, स्वामी विवेकानंद नगर और राजीव गांधी नगर सहित विभिन्न क्षेत्रों में शिविर लगाए जाएंगे।
कार्यक्रम के अनुसार, 1 मई को स्काईपार्क (सुभाष नगर), 2 मई को दीपश्री सानंद, 3 मई को गोल्ड तामरा, 4 मई को शुभ अटलांटिस, 5 मई को दीपश्री सुयोग, 6 मई को स्काईलेन, 7 मई को त्रिपोलिश और 8 मई को फोर सीजन में शिविर आयोजित होंगे।
इन शिविरों का समय प्रतिदिन सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक रहेगा, जहां नागरिक आवश्यक दस्तावेज पूरे कर मौके पर ही डीपीएनजी कनेक्शन के लिए आवेदन और पंजीकरण कर सकेंगे ।
राज्य की अतिरिक्त मुख्य सचिव (खान एवं पेट्रोलियम) अपर्णा अरोरा ने हाल ही में सीजीडी संस्थाओं की बैठक में जागरूकता अभियान चलाकर अधिक से अधिक लोगों को डीपीएनजी कनेक्शन से जोड़ने पर जोर दिया। केंद्र सरकार भी पीएनजी नेटवर्क वाले क्षेत्रों को धीरे-धीरे एलपीजी फ्री जोन घोषित करने की दिशा में कार्य कर रही है ।
आरएसजीएल द्वारा इस अभियान के तहत कनेक्शन लेने वाले उपभोक्ताओं को विशेष प्रोत्साहन भी दिया जा रहा है। इससे न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि सुरक्षित और सतत ऊर्जा का उपयोग भी सुनिश्चित होगा।
अधिकारियों के अनुसार, आने वाले समय में अन्य क्षेत्रों के लिए भी शिविर कार्यक्रम जारी किया जाएगा, जिससे अधिक से अधिक लोगों को इस सुविधा का लाभ मिल सके।