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कोटा जिला कलक्टर ने रिकार्ड खंगाला तो दौड़ पड़े अधिकारी, दिया एक सप्ताह में रिपोर्ट पेश करने का समय

कोटा. जिला कलक्टर रोहित गुप्ता की अध्यक्षता में सोमवार को विभिन्न विभागों की साप्ताहिक समीक्षा बैठक हुई।
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Updated: 16 Jan 2018, 3:09 PM IST
Rohit Gupta

कोटा.

जिला कलक्टर रोहित गुप्ता की अध्यक्षता में सोमवार को विभिन्न विभागों की साप्ताहिक समीक्षा बैठक हुई। इसमें सभी विभागों के प्रगतिरत कार्यों एवं सुगम पोर्टल पर दर्ज परिवादों को लेकर चर्चा हुई। कलक्टर ने अधिकारियों से कहा, सुगम पोर्टल पर दर्ज हो रहे कई विभागों प्रकरणों के निस्तारण में देरी कई हो रही है। इसमें सुधार किया जाए।

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अधिकारी सरकार की बजट घोषणाओं एवं जिले के विकास पर आधारित परियोजनाओं को गति प्रदान करते हुए निरन्तर मॉनिटरिंग करें। जनहित से जुड़े कार्यों में स्थानीय जनप्रतिनिधियों का सहयोग लेकर बाधाओं को दूर कराएं। उन्होंने नगर निगम क्षेत्र में पार्कों में लगी हुई सिंगल फेज ट्यूबवैल एवं पेयजल स्रोतों को सोलर पम्पसेट में बदलने के प्रस्ताव बनाने के भी निर्देश दिए। जलदाय विभाग के अधिकारियों को उन्होंने गांवों में पनघट योजना, आरओ प्लांट स्थापित करने के निर्देश दिए।

दौड़े अधिकारी, ग्राम पंचायतों का रिकॉर्ड खंगाला
मनरेगा योजना के तहत गुड गवर्नेंस के तहत होने वाले कार्यों का सोमवार को जिला कलक्टर रोहित गुप्ता के निर्देश पर जिला स्तरीय अधिकारियों ने एक साथ औचक निरीक्षण किया। जिला परिषद सीईओ आर.डी. मीणा ने बताया कि कोटा जिले की 155 ग्राम पंचायतों में 45 जिला स्तरीय अधिकारियों की टीमों ने गुड गवर्नेंस के तहत विभिन्न बिंदुओं पर निरीक्षण किया। इसमें अधिकारियों ने ग्राम पंचायतों में रिकॉर्ड को खंगाला और उसे दुरुस्त किया।

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सीईओ ने बताया कि जिन अधिकारियों को निरीक्षण कार्य में लगाया है। वह मंगलवार सुबह तक निरीक्षण रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगे। रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं करने व निरीक्षण नहीं करने वाले अधिकारियों के खिलाफ जिला कलक्टर द्वारा कार्रवाई प्रस्तावित की जाएगी।

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