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बड़ी खबर: शहंशाह और सुल्तान के लिए राजस्थान के 14 गांवों को खाली करवाने में जुटी सरकार

kota News, kota Hindi News: शहंशाह और सुल्तान के लिए सरकार राजस्थान के 14 गांवों को खाली करवाने की तैयारियों में जुट गई है। यहां बसे करीब 1600 लोगों को दूसरी जगह शिफ्ट किया जाएगा।
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Jul 02, 2019
mukundra hills tiger reserve
बड़ी खबर: शहंशाह और सुल्तान के लिए राजस्थान के 14 गांवों को खाली करवाने में जुटी सरकार

कोटा. रामगंजमंडी. शहंशाह और सुल्तान के लिए सरकार राजस्थान के 14 गांवों को खाली करवाने की तैयारियों में जुट गई है। यहां बसे करीब 1600 लोगों को दूसरी जगह शिफ्ट किया जाएगा। इसके लिए सर्वे भी शुरू करवा दिया है। बात हो रही है मुकन्दरा हिल्स टाइगर रिजर्व( mukundra hills Tiger reserve ) की। रिजर्व की सीमा में आनेे वाले इन गांवों के विस्थापन ( Village displacement ) की तैयारियां तेज हो गई है। इसमें शामिल 14 गांवों के विस्थापन ( 14 Village displacement ) की प्रक्रिया के अंर्तगत जिला कलक्टर ने तहसीलदार की अध्यक्षता में कमेटी गठित की है।

कमेटी एक माह में टाइगर रिजर्व के कोर एरिया में आने वाले गांव घाटी का सर्वे करके जिला कलक्टर, वन विभाग ( forest department ) को सौंपकर ग्रामीणों को आर्थिक पैकेज का मुआवजा घोषित किया जाएगा। गौरतलब है कि मुकुंदरा में दो बाघ और दो बाधिन है ( Tiger Tigress ) और ये 14 गांव रिजर्व के क्षेत्र में आते हैं। ऐसे में कोई अनहोनी की आशंका के चलते सरकार इन गांवों का विस्थापन की तैयारी शुरू की है। बाघ एमटी-1 को सुल्तान व एमटी-3 को शहंशाह के नाम से जाना जाता है।

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कमेटी में तहसीलदार राजेन्द्र कुमार शर्मा को अध्यक्ष बनाया है। क्षेत्रीय वन अधिकारी दरा, क्षेत्रीय विस्थापन वन अधिकारी दरा के साथ पटवारी, कानूनगो व सरपंच को इसमें शामिल किया है। कमेटी सदस्यों ने सोमवार को घाटी गांव के सर्वे का कार्य प्रारंभ कर दिया। सदस्यों ने ग्रामीणों से इस मामले में चर्चा की। घाटी गांव में वर्तमान में 30 से 35 घर है जिनमें से करीब 10 से 15 परिवार यहां से पलायन कर गए। पशुपालन व खेती बाड़ी से यह परिवार जुड़े हुए हैं।

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टाइगर रिजर्व में यह गांव पहाड़ी पर बसा हुआ है। अक्सर अभ्यारण क्षेत्र में रहने वाला टाइगर यहां कभी कभार ही देखा गया है। पानी की पर्याप्तता व टाइगर को शिकार मैदानी इलाके में मिलने से वह गांव की तरफ कम मूवमेंट करता है। कुछ माह पहले रणथम्भौर टाइगर रिजर्व से पहले सुल्तानपुर और वहां से दरा आने वाले टाइगर ने घाटी गांव में एक खेत पर रहने वाले किसान परिवार के पशुओं पर हमला कर दिया था।
भविष्य में किसी तरह की अन्य घटनाएं ग्रामीणों के साथ नहीं हो इस बात को ध्यान में रखकर वन विभाग व जिला प्रशासन ने पहली प्राथमिकता से इस गांव को शामिल किया है। प्रशासन ने घाटी गांव में रहने वाले परिवारों का विस्थापन करने के लिए सामाजिक, आर्थिक विस्थापन सर्वेक्षण समिति का गठन किया है। समिति सदस्यों ने ग्रामीणों से उनके रहवास, भूमि के दस्तावेज मांगे है।

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टाइगर रिजर्व में आने वाले गांवों के विस्थापन के लिए विभाग प्रयास कर रहा है। जल्द गांवों को विस्थापित करने की योजना है। इसी के तहत प्राथमिकता के तौर पर घाटी गांव का सर्वे शुरू किया है।
टी मोहन राज, उप वन संरक्षक, मुकुन्दराहिल्स टाइगर रिजर्व

Published on:
02 Jul 2019 12:35 pm