लखीमपुर खीरी के एक बुजुर्ग का मामला है, जो पिछले 6 साल से खेत की पैमाइश के लिए तहसील के चक्कर काट रहा है। इस दौरान एक कानूनगो ने उससे 5000 रुपए की रिश्वत ली, लेकिन काम फिर भी नहीं हुआ। जब ये बात सदर विधायक योगेश वर्मा को पता चली उसके बाद वह स्कूटी से ही कलेक्ट्रेट पहुंच गए।
लखीमपुर खीरी से भाजपा विधायक योगेश वर्मा बीते कुछ दिनों से अपनी पिटाई को लेकर चर्चा में थे इसी बीच वह एक बार फिर चर्चा में आ गए। विधायक की पिटाई के बाद अब उनका एसडीएम को चेतावनी देने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
दरअसल सदर विधायक योगेश वर्मा खेत की पैमाइश के लिए छह साल से भटक रहे सेवानिवृत्त शिक्षक व आरएसएस के कार्यकर्ता की शिकायत पर भड़क उठे, वसूली को लेकर सदर विधायक योगेश वर्मा स्कूटी से ही कलेक्ट्रेट पहुंच गए। विधायक ने एसडीएम सदर से कहा कि पांच हजार रुपये वापस कराइए, वर्ना संघ के तमाम स्वयं सेवकों को साथ लेकर वह धरने पर बैठ जाएंगे। एसडीएम ने जांच कर कार्रवाई करने की बात कही है।
जिले की सदर सीट से भाजपा विधायक योगेश वर्मा एक फिर चर्चा में आ गए हैं, सोशल मीडिया पर इनका एक वीडियो वायरल हो रहा है। वीडियो में विधायक एसडीएम सदर अश्वनी कुमार सिंह पर उखड़े हुए दिख रहे हैं। वीडियो में विधायक सामने खड़े एक बुजुर्ग की पैरवी कर रहे हैं और उनको आरएसएस का कार्यकर्ता बताते हुए सरकारी काम में देरी पर बिफरते नजर आ रहे हैं। यही नहीं जब एसडीएम कोई कागज पढ़कर बुजुर्ग की ओर बढ़ाते हैं तो भी विधायक सवाल करते हैं कि पांच हजार रुपये वापस कराइए पहले, तब मैं यहां से जाऊंगा।यही नहीं वह स्वीकार भी कर चुका है कि पुलिस को पैसा देना होता है। विधायक बोले-आरोपी राजस्व कर्मी को हटाइए। जब तक वह हटेगा नहीं, तब तक पैमाइश नहीं होगी। विधायक बोले कि पैसे वापस कराइए, वर्ना वह धरने पर बैठेंगे। उधर, एसडीएम सदर अश्वनी कुमार सिंह ने बताया कि प्रकरण उनके संज्ञान में आज ही आया है। वह मामले की जांच कराएंगे। किसी से भी अवैध वसूली बर्दाश्त नहीं है।