
जिलाधिकारी के निर्देश पर प्री-नर्सरी से कक्षा 12 तक शिक्षण कार्य स्थगित, परीक्षा वाले विद्यालयों को छूट (फोटो सोर्स : WhatsApp News Group)
Schools Closed in Lakhimpur Kheri : जनपद में लगातार बढ़ रही ठंड, घने कोहरे और शीतलहर को देखते हुए प्रशासन ने बड़ा और राहत भरा फैसला लिया है। जिलाधिकारी लखीमपुर-खीरी के निर्देश पर जनपद के समस्त शिक्षा बोर्डों से मान्यता प्राप्त प्री-नर्सरी से कक्षा 12 तक संचालित सभी विद्यालयों में शैक्षणिक कार्य 17 जनवरी 2026 तक स्थगित कर दिया गया है। इस संबंध में जिला विद्यालय निरीक्षक विनोद कुमार मिश्र द्वारा औपचारिक आदेश जारी कर दिया गया है।
यह निर्णय बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, क्योंकि बीते कुछ दिनों से जिले में न्यूनतम तापमान में भारी गिरावट दर्ज की जा रही है। सुबह के समय दृश्यता लगभग शून्य तक पहुंच जा रही है, जिससे छोटे बच्चों और अभिभावकों को स्कूल आने-जाने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।
जिला विद्यालय निरीक्षक द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह निर्णय तत्काल प्रभाव से लागू होगा। जनपद के सभी सरकारी, सहायता प्राप्त एवं निजी विद्यालय, जो विभिन्न शिक्षा बोर्डों से मान्यता प्राप्त हैं, इस आदेश के दायरे में आएंगे।हालांकि, आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि जिन विद्यालयों में प्री-बोर्ड परीक्षाएं अथवा प्रयोगात्मक परीक्षाओं (प्रैक्टिकल) का समयबद्ध कार्यक्रम पहले से निर्धारित है, वहां हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट के परीक्षार्थियों को निर्धारित समय पर विद्यालय में बुलाया जा सकेगा।
प्रशासन ने यह सुनिश्चित करने का प्रयास किया है कि बोर्ड परीक्षाओं की तैयारियों पर इस निर्णय का प्रतिकूल असर न पड़े। इसी कारण केवल उन्हीं छात्रों को विद्यालय आने की अनुमति दी गई है, जिनकी प्री-बोर्ड या प्रयोगात्मक परीक्षाएं तय कार्यक्रम के अनुसार होनी हैं। इसके अतिरिक्त अन्य कक्षाओं के लिए शैक्षणिक गतिविधियां पूरी तरह स्थगित रहेंगी। आदेश में यह भी कहा गया है कि जिन विद्यालयों में छात्र उपस्थित नहीं होंगे, वहां शिक्षक एवं शिक्षिकाएं अपने लंबित प्रशासनिक एवं शैक्षणिक कार्यों का निष्पादन सुनिश्चित करेंगे।
पिछले कुछ दिनों से लखीमपुर-खीरी सहित पूरे तराई क्षेत्र में घने कोहरे और कड़ाके की ठंड का प्रकोप जारी है। सुबह के समय सड़कों पर कोहरे की मोटी चादर छाई रहती है, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के मौसम में छोटे बच्चों को स्कूल भेजना उनके स्वास्थ्य के लिए नुकसानदेह हो सकता है। सर्दी, खांसी, बुखार, निमोनिया और सांस संबंधी बीमारियों का खतरा इस मौसम में कई गुना बढ़ जाता है। इन्हीं परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने यह एहतियाती कदम उठाया है।
प्रशासन के इस निर्णय का अभिभावकों ने स्वागत किया है। कई अभिभावकों का कहना है कि बच्चे सुबह-सुबह ठिठुरते हुए स्कूल जाते थे और घने कोहरे में उन्हें भेजना एक बड़ी चिंता का विषय बन गया था। एक अभिभावक ने कहा कि इतनी ठंड और कोहरे में बच्चों को स्कूल भेजना जोखिम भरा था। प्रशासन का यह फैसला बच्चों की सुरक्षा के लिहाज से बिल्कुल सही है।”
जिला विद्यालय निरीक्षक ने अपने आदेश में स्पष्ट किया है कि उपरोक्त आदेश का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। सभी विद्यालय प्रबंधन, प्रधानाचार्य एवं संबंधित अधिकारी इस आदेश का पालन करने के लिए बाध्य होंगे। आदेश की प्रतिलिपि जनपद के उच्च अधिकारियों, शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों एवं सभी मान्यता प्राप्त विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को भेज दी गई है।
संबंधित विषय:
Published on:
17 Jan 2026 03:00 am

बड़ी खबरें
View Allलखीमपुर खेरी
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
