-सरकार की मंशा चुस्त, किशोरियां होंगी एनीमिया मुक्त -कुल 2,15,830 किशोरियां (19.12%) एनीमिया से ग्रस्त चिन्हित गईं
लखीमपुर खीरी. केंद्र सरकार (central government) द्वारा संचालित पोषण अभियान 2019 (poshan abhiyaan.gov.in login) के एक साल पूरे होने पर 8 मार्च से 22 मार्च 2019 तक पूरे प्रदेश में पोषण पखवाड़ा (poshan pakhwada) मनाया गया। इस अभियान के तहत प्रदेश में स्कूल जाने वाली 11,28,901 किशोरियों की जांच की गयी थी जिनमें से कुल 2,15,830 किशोरियां (19.12%) एनीमिया से ग्रस्त चिन्हित गईं। इसके साथ ही स्कूल न जाने वाली कुल 2,14,534 किशोरियों की जांच में कुल 53,607 (24.99%) किशोरियां एनीमिया से ग्रस्त पायी गईं।
चिन्हित की गईं स्कूल जाने व न जाने वाली किशोरियों में एनीमिया मुक्त करने के लिए कार्यवाही करने हेतु राज्य पोषण मिशन की महानिदेशक मोनिका एस. गर्ग ने सभी जिला कार्यक्रम अधिकारी /प्रभारी अधिकारियों को एक पत्र जारी कर निर्देश दिये हैं कि वर्ष 2019-20 में 8 जुलाई एवं 8 जनवरी को अभियान चलाकर 11-14 वर्ष की स्कूल न जाने वाली व स्कूल जाने वाली किशोरियों की ऊंचाई एवं वजन की नाप की जाये तथा उन्हें ऊंचाई एवं वजन की माप के आधार पर हैल्थ कार्ड में बॉडी मास इंडेक्स (बीएमआई) की गणना कर किशोरियों को एएनएम, आशा व आंगनवाड़ी कार्यकर्ता द्वारा स्वास्थ्य, स्वच्छता व पोषण के संबंध में सलाह दी जाए।
किशोरियों को बताया जाए हीमोग्लोबिन का स्तर
पत्र में यह लिखा गया है कि 8 जुलाई 2019 व 8 जनवरी 2020 को को 11-14 वर्ष की किशोरियों का वजन एवं ऊंचाई आंगनवाड़ी कार्यकर्ता तथा हीमोग्लोबिन की जांच सखी सहेली की सहायता से स्वास्थ्य कार्यकर्ता एएनएम उपकेंद्र पर कर उसका परिणाम स्कीम फॉर अडोलसेंट गर्ल के तहत बनाए गए किशोरी हेल्थ कार्ड में अंकित करे व।
इन बातों का रखें ध्यान
किशोरियों को एनीमिया की रोकथाम के उपायों के बारे में स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं द्वारा बताते हुये उन्हें आयरन की गोलियों का सेवन करने , आयरन युक्त पदार्थ जैसे मेथी, पालक, बथुआ, गुड़ व पौष्टिक खान-पान की सलाह दी जाये। साथ ही साथ यह भी बताया जाए कि अंकुरित दालों को हरी पत्तेदार सब्जियों के साथ खाना चाहिए | किशोरियों को यह बताया जाये कि वे आयरन कि गोलियों का सेवन विटामिन सी युक्त आहार जैसे नींबू, संतरा , आंवला के साथ करें। विटामिन सी युक्त आहार का सेवन करने से आयरन का अवशोषण अच्छा होता है।
आयरन की गोलियों का सेवन
प्रत्येक माह की 8 तारीख को मनाए जाने वाले किशोरी दिवस पर किशोरियों के साथ 18 वर्ष के बाद विवाह करने के महत्व पर चर्चा हो। स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित वीकली आयरन फोलिक एसिड अनुपूरक कार्यक्रम (WIFS) के अंतर्गत स्कूल जाने वाली किशोरियों को साप्ताहिक आयरन की गोलियां , शिक्षा विभाग के माध्यम से स्कूलों में तथा स्कूल न जाने वाली किशोरियों को आंगनवाड़ी कार्यकर्त्रियों के द्वारा आंगनवाड़ी केन्द्रों पर किशोरी दिवस ( माह की 8 तारीख), ममता दिवस(माह कि 15 तारीख), एनीमिया गोष्ठी(माह की 22 तारीख) व गोदभराई (माह की 30 तारीख) पर आयरन की गोलियों का सेवन कराया जाता है।
जांच में पाई गई इतनी संख्या
लखीमपुर जिले में कुल 387 एएनएम उपकेंद्र हैं| स्कूल न जाने वाली 11-14 वर्ष की किशोरियों की संख्या कुल 14,692 है। जिनमें से 11,183 किशोरियों की एनीमिया व बीएमआई की जांच की गयी। कुल 3356 किशोरियों (30.01%) में एनीमिया पाया गया।
स्कूल जाने वाली 11-14 वर्ष की किशोरियों की संख्या कुल 67,045 है जिनमें से 48,279 किशोरियों की एनीमिया व बीएमआई की जांच की गयी | कुल 16,959 किशोरियों (35.13%) में एनीमिया पाया गया।