
लखनऊ. पेट्रोल, डीजल की लगातार बढती कीमतों के खिलाफ मंगलवार को आम आदमी पार्टी के तमाम कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ स्लोगन लिखी तख्तियों को हाथों में लेकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान आप ने पेट्रोलियम मंत्री के नाम का ज्ञापन प्रशासन के अधिकारी को सौपा और मांग की है कि सरकार तत्काल पेट्रोल, डीजल की कीमतों में भारी कमी करें।
इस दौरान जिला संयोजक गौरव माहेश्वरी ने कहा कि, अपने आप को गरीब जनता की सरकार कहने वाली भाजपा को सिर्फ अपने चहेते उद्योगपतियों की फिक्र है। वो देश के 1 प्रतिशत अमीरों की सरकार बनकर रह गयी है और उसकी सारी नीतियां उन्हीं 1 प्रतिशत लोगों पर केन्द्रित हैं। गरीबों और मध्यवर्गीय परिवारों के लिए भाजपा की झोली में जुमलों और झूठे वादों के सिवा कुछ नहीं है। उन्होंने भाजपा सरकार से सवाल किया है कि मंहगाई के मुद्दे पर संसद की कार्यवाही तक ठप करा देने वाली भाजपा की नैतिकता अब कहां चली गयी। मंहगाई को कम करने के वादे पर केंद्र में आई भाजपा सरकार महंगाई को रोकने में पूरी तरह से असफल साबित हुई है।
पार्टी के जिला प्रवक्ता महेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि लोकसभा चुनाव से पहले कच्चे तेल का दाम 130 डालर प्रति बैरल था इसके बावजूद पेट्रोल और डीजल के दाम कभी-भी क्रमशः 70 एवं 55 रुपये प्रति लीटर से ज्यादा नहीं हुए तब यही भाजपा के नेता बढ़ी हुई कीमतों को लेकर पूरे देश में प्रदर्शन कर रहे थे, लेकिन आज कच्चे तेल के दामों में 55 प्रतिशत की कई होने के होने के बाद 49.89 डालर प्रति बैरल रह गया है इसके बावजूद भी लोगों को कच्चे तेल में हुई कम कीमतों का फायदा नहीं मिल रहा है और पेट्रोल 80 रुपये तथा डीजल 65 रुपये प्रति लीटर की दर से बेंचा जा रहा है जो की आम आदमी को लूटने जैसा है।
पार्टी के विधानसभा पर्यवेक्षक नीरज श्रीवास्तव ने कहा कि भाजपा सरकार अपने चहेते उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने के लिए देश की गरीब जनता की किस हद तक अनदेखी कर सकती है इसका प्रत्यक्ष प्रमाण है कि पेट्रोल की कीमतें लगातार बढती जा रही हैं और सरकार मूक दर्शक बनी हुई है। पेट्रोल, डीजल की बढ़ी हुई कीमतें बढने से आम आदमी की सब्जी दाल राशन सब कुछ मंहगा हो गया है, लेकिन सरकार को इसकी फिक्र नहीं है।