
CM Yogi Uniform Announcement Anganwadi Children:उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को काशी के सिगरा स्थित रुद्राक्ष कन्वेंशन सेंटर में नौवें राष्ट्रीय पोषण माह का शुभारंभ करते हुए प्रदेश के आंगनवाड़ी केंद्रों के बच्चों के लिए एक महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने कहा कि अब प्राइमरी और परिषदीय स्कूलों की तर्ज पर आंगनवाड़ी केंद्रों में पंजीकृत बच्चों को भी दो-दो सेट यूनिफॉर्म उपलब्ध कराए जाएंगे।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने इस मौके पर केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी, राज्यमंत्री सावित्री ठाकुर और प्रदेश की महिला एवं बाल विकास मंत्री बेबी रानी मौर्या के साथ रिमोट का बटन दबाकर राष्ट्रीय पोषण माह का आधिकारिक शुभारंभ किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार का उद्देश्य केवल पोषण सुनिश्चित करना नहीं, बल्कि आंगनवाड़ी केंद्रों को शिक्षा की पाठशाला के रूप में भी विकसित करना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि साल 2014 से पहले प्रदेश के आंगनवाड़ी केंद्रों की स्थिति दयनीय थी। उनके कार्यकाल में ठोस प्रयासों से इनमें व्यापक बदलाव आया है। प्रदेश के करीब 70 हजार आंगनवाड़ी केंद्रों को नया स्वरूप दिया गया है। अब ये केंद्र सिर्फ पोषण केंद्र नहीं रह गए हैं, बल्कि बच्चों के समग्र विकास और प्रारंभिक शिक्षा के केंद्र भी बन गए हैं।
सीएम योगी ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के मानदेय में हुई वृद्धि का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि 2017 से पहले कार्यकर्ताओं को मात्र तीन हजार रुपये मासिक मानदेय मिलता था, जिसे चार गुना बढ़ाकर 12 हजार रुपये कर दिया गया है। इसके साथ ही उन्हें पांच लाख रुपये का स्वास्थ्य बीमा कवर भी उपलब्ध कराया गया है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कन्वेंशन सेंटर परिसर में लगे विभिन्न स्टॉलों का अवलोकन किया। उन्होंने तमिलनाडु, गुजरात, ओडिशा और गोरखपुर के आंगनवाड़ी केंद्रों की प्रस्तुतियों को देखा तथा वहां की कार्यकर्ताओं से सीधे संवाद किया। बच्चों के विकास, पोषण, शिक्षा और देखभाल संबंधी उनकी सफलता की कहानियां सुनीं।
केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने कहा कि देशभर के दो लाख आंगनवाड़ी केंद्रों को सक्षम केंद्रों में अपग्रेड किया जा रहा है। उन्होंने काशी से सुपोषित भारत के संकल्प को आगे बढ़ाने की बात कही। राज्यमंत्री सावित्री ठाकुर ने बताया कि पिछले आठ वर्षों के राष्ट्रीय पोषण माह में जन जागरूकता से जुड़े 150 करोड़ से अधिक कार्यक्रम आयोजित किए गए हैं।
प्रदेश की मंत्री बेबी रानी मौर्या ने जन भागीदारी के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि बिना समाज की भागीदारी के बच्चों को पूर्ण रूप से पोषित नहीं किया जा सकता। आंगनवाड़ी बहनों पर बच्चों के पोषण और देखभाल की बड़ी जिम्मेदारी है।
यह ऐलान प्रदेश के लाखों छोटे बच्चों और उनके अभिभावकों के लिए बड़ी राहत साबित होगा। इससे आंगनवाड़ी केंद्रों में बच्चों की उपस्थिति बढ़ने और शिक्षा-पोषण दोनों को मजबूती मिलने की उम्मीद है।