प्रदेश सरकार उत्तर प्रदेश के बेरोजगारों के लिए बड़ा तोहफा लेकर आई है।
लखनऊ. प्रदेश सरकार उत्तर प्रदेश के बेरोजगारों के लिए बड़ा तोहफा लेकर आई है। योगी सरकार ने प्रदेश में इसी साल 4 लाख नौकरियां निकालने का ऐलान किया है। युवाओं के लिये इसी साल चार लाख नौकरियों का ऐलान करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि 64 विभाग ने 4 लाख से अधिक रिक्त पदों को भरने के लिए से आयोग को अधिवेशन भेजा है। इसमें दरोगा, सिपाही, शिक्षक, बीडियो ग्राम विकास अधिकारी, नगर निकाय में अधिशाषी अधिकारी, लेखपाल जैसे पदों की नौकरियां शामिल है।
वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट योजना के तहत 20 लाख नौकरी
वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट योजना के तहत अगले 3 साल में 20लाख लोगों को रोजगार मिलेगा । चयन आयोग की भर्ती तक पर कोर्ट से रोक लगी हुई थी । उनकी सरकार ने पहले समूह 'ग' व 'घ' की नौकरियों में इंटरव्यू खत्म कर भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाया। CM ने कहा कि पश्चिम में यूपी के आलू उत्पादक किसानों के लिए आलू विकास बोर्ड की स्थापना की जाएगी। महिलाओं के लिए 50 गुलाबी बसों की सेवा शुरू की जाएगी। इसमें 10 बसों में ड्राइवर और कंडक्टर भी महिलाएं ही होंगी।
बिना गड़बड़ी के होगी भर्ती प्रक्रिया
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पुलिस इंस्पेक्टर, ग्राम विकास अधिकारी, लेखपाल, नगर निकायों में अधिशासी अधिकारी व माध्यमिक व बेसिक शिक्षा के स्कूलों में शिक्षकों के पदों की भर्ती होगी। सरकार नियुक्ति की प्रक्रिया बेहतर व पारदर्शी तरीके से करेगी मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की पहली सालगिरह पर कहा कि हम सुशासन के सपने को साकार करेंगे। यूपी की जनता ने परिवर्तन किया था हमने विकास को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाया है।
तेजी से होगी भर्ती प्रक्रिया
सरकार भाजपा सरकार ने रुकी भर्तियों शुरू करने के लिए अधीनस्थ सेवा चयन आयोग का गठन इसी साल किया। आयोग ने वीडियो के 3133 पदों के लिए रूके इंटरव्यू प्रक्रिया शुरू कर दी है। व्यायाम प्रशिक्षक के 42, व्यायाम परीक्षण व क्षेत्रीय युवा कल्याण एवं प्रादेशिक विकास दल अधिकारी के 652 पदों पर भर्ती को आवेदन मांगे गए हैं। इनके लिए 23 अप्रैल तक आवेदन लिए जाएंगे।
इन विभागों में कई पद खाली
पुलिस पीएसी सिपाही - 34716
पुलिस में निरस्त हुई - 3307
बेसिक शिक्षा - 68500
माध्यमिक शिक्षा - 10768
डिग्री कॉलेज - 12000
परिवहन मिगम - 10056
पीएमएस चिकित्सक - 7000
राजस्व लेखपाल - 3300
निकाय़ - 1500
समाज कल्याण - 100
आवास - 100
पंचायती राज - 432
पीडब्ल्यूडी - 3210
जल निगम - 800
पिछड़ वर्ग कल्याण - 248
पर्यटन - 113
वाणिज्य कर - 430
रेशम विभाग - 35
उद्यान एवं प्रसंस्करण - 50