IPS returned from deputation:वरिष्ठ आईपीएस दीपम सेठ के प्रतिनियुक्ति से अचानक लौटते ही राज्य में नए डीजीपी की तैनाती की चर्चाएं जोर पकड़ने लगी हैं। दीपम प्रतिनियुक्ति की अवधि बीच में ही छोड़कर वापस राज्य में लौट आए हैं। इसे लेकर चर्चाओं को अधिक बल मिल रहा है। राज्य में अगले साल जनवरी में नए डीजीपी की तैनाती होनी है।
IPS returned from deputation:वरिष्ठ आईपीएस दीपम सेठ प्रतिनियुक्ति अवधि बीच में ही छोड़ वापस उत्तराखंड लौट आए हैं। उन्हें मूल कैडर में वापस भेजने के लिए गृह सचिव ने शुक्रवार को ही पत्र लिखा था। इसके अगले ही दिन यानी शनिवार को उन्हें एसएसबी से रिलीव भी कर दिया है। एकाएक बुलाए जाने और तत्काल रिलीव होने से डीजीपी के चयन के संबंध में नई चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। दीपम सेठ वर्तमान में एडीजी पद पर हैं। कुछ समय पूर्व उन्हें प्रतिनियुक्ति पर एसएसबी भेजा गया था। इसी बीच गृह सचिव के पत्र के आधार पर एसएसबी ने दीपम को एक दिन के भीतर ही रिलीव कर दिया है। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि जल्द ही उन्हें राज्य का नया डीजीपी नियुक्त किया जा सकता है।
वरिष्ठ आईपीएस दीपम सेठ वर्तमान में एडीजी पद पर तैनात हैं। वह जनवरी में पदोन्नत होकर डीजी बन जाएंगे। वरिष्ठता के हिसाब से अब उनसे ऊपर कोई नहीं है। ऐसे में उन्हें राज्य का नया डीजीपी बनाए जाने की चर्चाएं तेज हो गई है। पिछले साल पूर्व डीजीपी अशोक कुमार के सेवानिवृत्त होने से पहले से नए डीजीपी के चयन को जोड़तोड़ होने लगी थी। इधर, अब दीपम के लौटने के बाद उन्हें डीजीपी बनाए जाने की प्रबल संभावनाएं लोग जता रहे हैं।
अशोक कुमार के रिटायरमेंट के बाद उत्तराखंड में अभिनव कुमार का कार्यवाहक डीजीपी बनाया गया था। कुछ माह पूर्व ही सरकार ने स्थायी डीजीपी की नियुक्ति को लेकर अभिनव कुमार सहित अन्य वरिष्ठ आईपीएस अफसरों के नाम आयोग को भेजे थे। आयोग ने अभिनव कुमार का नाम हटा दिया था। दरअसल, अभिनव कुमार यूपी कैडर के हैं। कैडर के कारण ही उनके नाम पर पेंच फंस रहा है।इसे लेकर अभिनव कुमार ने बीते दिनों गृह सचिव को चिट्ठी भी भेजी थी। लेकिन प्रतिनियुक्ति से लौटते ही दीपम सेठ वरिष्ठता में सबसे ऊपर आ गए हैं