Diwali Bonus: राज्य सरकार जल्द ही सरकारी कर्मचारियों को दिवाली का तोहफा देने जा रही है। कर्मचारियों को धनतेरस से पहले डीए-बोनस की खुशखबरी मिल सकती है।
Bonus and DA: केंद्र सरकार के बाद अब राज्य सरकार भी अपने कर्मचारियों को डीए और बोनस देने की तैयारी में है। सरकार डीए भी बढ़ाने वाली है। वित्त विभाग ने बोनस की फाइल तैयार कर अनुमोदन के लिए मुख्यमंत्री के पास भेज दी है। इसके साथ ही महंगाई भत्ता, महंगाई राहत वृद्धि की फाइल भी मुख्यमंत्री के पास भेजी गई है।
धनतेरस और दीपावली से पहले अराजपत्रित राज्य कर्मचारियों को प्रदेश सरकार बोनस देगी। नवंबर का वेतन जो दिसंबर में मिलेगा, इसके साथ महंगाई भत्ते का नकद भुगतान राज्यकर्मियों को मिलने लगेगा। चार फीसदी की बढ़ी दर से महंगाई भत्ता देने की घोषणा होने पर राज्य कर्मचारियों को डीए 42 फीसदी से बढ़कर 46 फीसदी हो जाएगा। बढ़ी दर से महंगाई भत्ते का लाभ कर्मचारियों को जुलाई से मिलेगा। बताया जाता है कि धनतेरस से पहले दी बोनस की धनराशि अराजपत्रित राज्यकर्मचारियों के खाते में दे दी जाएगी। जिससे वह त्यौहार अच्छे से मना सकें।
बोनस की गणना ऐसे करने का अनुरोध
एचटी मीडिया के अनुसार, राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष जेएन तिवारी ने दीपावली से पहले बोनस दिए जाने की तैयारी के तहत पत्रावली यूपी के मुख्यमंत्री के पास भेजे जाने पर इजहार किया है। उन्होंने कहा है कि परिषद ने पत्र लिखकर मुख्यमंत्री से बोनस दिए जाने की मांग की थी। मुख्यमंत्री योगी बोनस दिए जाने का वादा पूरा करने जा रहे हैं।
ऐसे की जाती है गणना
जेएन तिवारी ने बोनस की गणना न्यूनतम वेतन 18 हजार के बराबर करते हुए किए जाने का अनुरोध किया है। उन्होंने कहा है कि अब तक बोनस की अधिकतम सीमा 7000 रुपये बेसिक पे मानते हुए गणना की जाती है। यह धनराशि बहुत कम है। बोनस का 75 फीसदी धनराशि कर्मचारियों के भविष्य निधि खाते में जमा किए जाने की व्यवस्था को समाप्त करते हुए इसे अधिकतम 50 फीसदी किए जाने की मांग की है।