Indian Railways रेलवे, यात्रियों की सुविधा के लिए कई स्थानों पर रेलवे ट्रैक के दोहरीकरण का कार्य युद्धस्तर पर कर रहा है। प्रयागराज-झांसी का सफर और आसान हो जाए इसलिए रेलवे ट्रैक का दोहरीकरण कर रहा है।
रेलवे, यात्रियों की सुविधा के लिए कई स्थानों पर रेलवे ट्रैक के दोहरीकरण का कार्य युद्धस्तर पर कर रहा है। प्रयागराज-झांसी का सफर और आसान हो जाए इसलिए रेलवे ट्रैक का दोहरीकरण कर रहा है। दोहरीकरण से इस रूट पर ट्रेनों का संचालन बेहतर हो सकेगा। प्रयागराज से झांसी के बीच जिस स्थान पर रेलवे को लग रहा है कि दोहरीकरण जरूरी है वह उसे तेजी से कर रहा है। झांसी से खैरार, मानिकपुर और खैरार से भीमसेन करीब 119 किमी तक के रूट की डबलिंग की जाएगी। इस मद में करीब 4330 करोड़ रुपए की लागत का अनुमान है। इस कार्य को 2025 तक पूरा करने की तैयारी की गई है। नए ट्रैक निर्माण में 500 छोटे-बड़े पुल बनाने की योजना है। दोहरीकरण से ट्रेनों का संचालन बेहतर होगा। साथ ही रफ्तार भी बढ़ जाएगी। और झांसी से प्रयागराज तक के सफर में लगाने वाले वक्त भी कम लगेगा।
एक साल में खत्म करने की कोशिश - शिवम शर्मा
मिशन रफ्तार के तहत उत्तर मध्य रेलवे ट्रैक के दोहरीकरण में युद्ध स्तर पर कार्य कर रहा है। दोहरीकरण से कुंभ नगरी प्रयागराज से ऐतिहासिक नगरी झांसी कनेक्टविटी नंबर वन पर होगी। उत्तर मध्य रेलवे के सीपीआरओ डॉ शिवम शर्मा ने बताया कि, मिशन रफ्तार को आगे बढ़ाते हुए एनसीआर में कई योजनाओं पर युद्धस्तर पर अमल किया जा रहा है। प्रयागराज की ओर जाने का रास्ता आसान करने के लिए झांसी - मानिकपुर के बीच रेल दोहरीकरण का काम शुरू कराया गया। अब इस कार्य में तेजी लाते हुए इसे एक साल में खत्म करने की कोशिश की जा रही है।
झांसी मानिकपुर के बीच बनेगा डबल रेल ट्रैक
झांसी से मानिकपुर के बीच अभी सिंगल ट्रैक पर ही ट्रेनें दौड़ती हैं। सिंगल रूट होने से दो ट्रेनें एक साथ नहीं निकल पातीं। जगह जगह गाड़ियों को रोककर दूसरी गाड़ी निकाली जाती है। इससे गाड़ियों की रफ्तार कम होती है और वो लेट होती हैं। इसको देखते हुए झांसी - खैरार - मानिकपुर एवं खैरार-भीमसेन के 310 किमी लंबे ट्रैक का दोहरीकरण प्रस्ताव मंजूर हुआ। रेल मंत्रालय ने चार हजार करोड़ रुपए बजट भी स्वीकृत कर दिया। झांसी-मानिकपुर सेक्शन का काम पूरा करने की डेडलाइन दिसंबर 2023 तय की गई।