PM CM Awas: उत्तर प्रदेश में प्रधानमंत्री आवास के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू हो गए हैं। प्रदेश में करीब डेढ़ लाख से अधिक लोगों को इसका लाभ मिलेगा।
यूपी में हर साल गरीबों को आवंटित होने वाले प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास के लिए अभी तक लक्ष्य नहीं आया है। लेकिन इसको लेकर विभाग ने रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया शुरू करा दी है। पीडी ने सभी खंड विकास अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि पात्रों के पंजीयन शुरू कराएं जिससे लक्ष्य मिलते ही तत्काल पहली किश्त पात्रों के खातों में भेजी जा सके। प्रधानमंत्री के साथ साथ सीएम आवास योजना की भी लाटरी निकाली जाएगी।
मुहैया होती धनराशि
गरीब बेघर लोगों के लिए शासन द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना चलाई जा रही है। इसके तहत तीन किश्तों में उनको आवास निर्माण के लिए एक लाख 20 हजार की सहायता मुहैया कराई जाती है। इस बार विभाग को अभी तक लक्ष्य प्राप्त नहीं हुआ है लेकिन शासन के निर्देश पर पात्रों के पंजीयन की प्रक्रिया शुरू करा दी गई है जिससे लक्ष्य आवंटित होते ही तत्काल पहली किस्त का पैसा भेजकर लाभार्थियों से काम शुरू कराया जा सके।
बाढ़ पीड़ितों को सीएम आवास
डीआरडीए के परियोजना निदेशक डॉ शिवाकांत द्विवेदी ने सभी खंड विकास अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं कि अपने-अपने ब्लॉक में पात्रों का चयन कर रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया अविलंब पूरी करा लिया जाए। जैसे ही लक्ष्य की प्राप्ति होती है तत्काल संबंधित पात्रों को योजना का लाभ दिलाया जाएगा।लक्ष्य के सापेक्ष पात्रों को आवास योजना से लाभान्वित किया जाएगा इसलिए इसमें ढिलाई न बरती जाए। हाल ही में में शासन द्वारा मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत बाढ़ पीड़ितों को सीएम आवास योजना का लाभ दिया गया है।
हर जिले के लगभग डेढ़ हजार तक लक्ष्य
उत्तर प्रदेश के लगभग सभी जिलों को डेढ़ हजार या इससे ऊपर लक्ष्य दिया जाता है। पिछले साल प्रधानमंत्री आवास का लक्ष्य दिया गया था। इनमें से अभी तक 80-85 फीसदी का लक्ष्य पूरा हो चुका है। अवशेष आवासों के संबंध में पीडी ने सभी खंड विकास अधिकारियों को निर्देशित किया है कि इस पर व्यक्तिगत ध्यान देकर सभी आवासों को यथाशीघ्र पूरा कराया जाए जिससे पात्रों को इसका लाभ मिल सके। इस साल पूरे यूपी में डेढ़ लाख का लक्ष्य तय होगा।
पीएम आवास के लिए यहां करें आवेदन
अगर आप भी इस योजना का आवेदन करना चाहते है तो इसके लिए आपको योजना की आधिकारिक वेबसाइट pmaymis.gov.in पर जाकर आवेदन करना होगा। इस योजना के अंतर्गत केंद्र सरकार व राज्य सरकार दोनों एक जुट होकर कार्य करती है और साथ में काम करके देश के गरीब नागरिको को लाभ प्रदान करती है।