लखनऊ

अब गांवों तक पहुंचेगा रोजगार, तीन लाख लोगों को मिलेगा खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों का फायदा

उत्तर प्रदेश के बेरोजगारों के लिए अच्छी खबर है। योगी सरकार खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों से गांव तक रोजगार पहुंचाएगी।
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Updated: 27 Mar 2021, 10:58 AM IST
अब गांवों तक पहुंचेगा रोजगार, तीन लाख लोगों को मिलेगा खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों का फायदा
अब गांवों तक पहुंचेगा रोजगार, तीन लाख लोगों को मिलेगा खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों का फायदा

लखनऊ. उत्तर प्रदेश के बेरोजगारों के लिए अच्छी खबर है। योगी सरकार खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों से गांव तक रोजगार पहुंचाएगी। क्षेत्रवार कृषि उत्पादन को देखते हुए 62,122 नई इकाइयां स्थापित कराने की तैयारी है। लगभग 20 हजार करोड़ के निवेश से ग्रामीण क्षेत्रों में तीन लाख लोगों को रोजगार दिया जाएगा। दरअसल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की योजना खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों को और अधिक सुविधाएं देकर बड़े निवेश लाकर ग्रामीण इलाकों में रोजगार के अधिकतम अवसर उपलब्ध कराने की है।

खाद्य प्रसंस्करण उद्योग नीति में बदलाव

सरकार ने अपनी खाद्य प्रसंस्करण उद्योग नीति-2017 में बदलाव किया है। अब 20 हजार करोड़ रुपये से अधिक निवेश लाकर कुछ समय में तीन लाख लोगों को रोजगार देने की योजना बनाई गई है। इसके लिए बुलंदशहर, बरेली, अलीगढ़, कानपुर देहात, जौनपुर और मथुरा में दूध से बने उत्पाद, औरैया और कासगंज में घी, वाराणसी और देवरिया में हरी मिर्च, अमरोहा, लखनऊ व सीतापुर में आम, बस्ती, कुशीनगर में केले के चिप्स, गोरखपुर व सिद्धार्थनगर में काला नमक चावल और पूर्वांचल में आलू व अन्य फसलों से जुड़ी इकाइयां लगाई जा रही हैं।

मंडी शुल्क में छूट

सरकार कृषि प्रसंस्करण इकाइयों में मंडी शुल्क में छूट दे रही है। इसके लिए नए नियम बनाए गए हैं। सरकार ने तय किया है कि प्रदेश की बड़ी मंडियों की खाली पड़ी जमीन पर कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योग स्थापित करने की तैयारी कर रही है। मंडी क्षेत्र में स्थापित होने वाली पांच करोड़ या इससे अधिक लागत वाली इकाइयों को पांच वर्ष के लिए मंडी शुल्क से छूट दी जा रही है।

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