Change in BJP Government: योगी सरकार 2.0 में मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चा जोरों पर है। इससे मंत्रियों में खलबली मची हुई है। किसी को मंत्री पद जाने का डर है तो किसी को विभाग बदलने का डर। आइए जानते हैं किसकी कुर्सी बचेगी और किसका बदलेगा विभाग?
Yogi Cabinet Expanded Soon: यूपी के मंत्रिमंडल में जल्द विस्तार हो सकता है। भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री विनोद तावड़े के लखनऊ दौरे के बाद यूपी सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चा तेज हो गई है। इन चर्चाओं ने कई मंत्रियों की टेशन बढ़ा दी है। किसी को अपना विभाग बदलने का डर है तो किसी को मंत्री पद छिनने का डर सता रहा है।
जो मंत्री कल तक अपनी ऊपर तक पहुंच बताकर डींगें हांक रहे थे, वे सब छोड़ अपनी कुर्सी बचाने की चिंता में जुट गए हैं। सूत्रों का दावा है कि विधानसभा चुनाव 2027 के मद्देनजर कुछ नए चेहरे मंत्रिमंडल में शामिल किए जाएंगे। इससे संगठन और सरकार में कुछ चेहरों की अदला-बदली हो सकती है।
भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री विनोद तावड़े शुक्रवार दो दिन के दौरे पर लखनऊ पहुंचे थे। यहां उन्होंने सीएम योगी आदित्यनाथ, डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक, जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, वित्त मंत्री सुरेश खन्ना, कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, पशुधन मंत्री धर्मपाल सिंह और महामंत्री संगठन धर्मपाल सिंह के साथ संगठन को लेकर चर्चा की।
तावड़े ने सभी नेताओं से मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर अलग-अलग बातचीत की। इस दौरान यूपी में 2027 के चुनाव के मद्देनजर किन समाजों को मंत्रिमंडल में जगह देने से फायदा होगा? इस पर विचार-विमर्श हुआ। इसके बाद से कई मंत्रियों की बेचैनी बढ़ गई है। सबसे ज्यादा टेंशन में वे मंत्री हैं, जिनके कामकाज से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ नाखुश हैं। ऐसे मंत्री अपनी फाइल दुरुस्त करने में जुट गए हैं। ऐसे में कुछ मंत्रियों का विभाग बदलने के साथ ही कुछ की छुट्टी भी की सकती है।
उत्तर प्रदेश में कई मंत्री प्रदेश अध्यक्ष बनने की दौड़ में भी शामिल हैं। इनमें स्वतंत्रदेव सिंह, योगेंद्र उपाध्याय, धर्मपाल सिंह, सहित कई नाम सामने आ रहे हैं। यदि किसी मंत्री को प्रदेश अध्यक्ष बनाया जाता है तो एक पद और खाली हो जाएगा। वहीं, जितिन प्रसाद और अनूप प्रधान वाल्मीकि के मंत्री पद पहले ही खाली हैं।