लखनऊ

गौसेवा आयोग देगा प्रमाण पत्र, तभी गाय को एक जिले से दूसरे जिले ले जा सकेंगे

- Yogi Adityanath सरकार और Gau Seva Aayog ने मिलकर तैयार किया रोडमैप- गौपालकों को चारे के लिए हर दिन मिलेंगे 30 रुपए- चोरी-छिपे हो रही गौ-तस्करी की घटनाओं को भी रोकेगा गौसेवा आयोग
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Jul 09, 2019
Yogi Adityanath
गौपालकों को हर दिन इतने रुपये देगी योगी सरकार, सर्टिफिकेट के बिना गाय को एक जिले से दूसरे जिले नहीं ले जा सकेंगे

लखनऊ. मॉब लिंचिंग और गौ-तस्करी (Gautsky) की घटनाओं को रोकने के लिए योगी सरकार ने गौसेवा आयोग (Gau Seva Aayog) के साथ मिलकर एक रोडमैप तैयार किया है। मंगलवार को सीएम कार्यालय से जारी बयान में कहा गया कि गौवंश को एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाने से पहले संबंधित को गौसेवा आयोग से प्रमाण पत्र लेना होगा। गौवंश अपने स्थान पर सुरक्षित पहुंच जाएं, इसकी जिम्मेदारी भी गौसेवा आयोग के कंधों पर रहेगी। माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Adityanath) के इस कदम से मॉब लिंचिंग की घटनाओं पर रोक लग सकेगी। इसके अलावा आयोग को चोरी-छिपे चल रही गौ-तस्करी (Gautsky) की घटनाओं को भी रोकने का निर्देश दिये गये हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आयोग के अफसरों को निर्देश दिये हैं कि वह प्रदेश की सभी गौशालाओं को आत्मनिर्भर बनाने की ओर काम करें। साथ ही गायों और गौौपालकों की सुरक्षा और गौशालाओं को बेहतर करने के लिए कई सुझाव भी पेश किये। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने निर्देश दिये हैं कि उन किसानों को जिनके पास दो गाय हैं, उन्हें चारे के लिए प्रतिदिन 30 रुपए दिये जाएं। उन्होंन कहा कि अफसर इस बात का भी पूरी तरह से ध्यान रखें कि गौपालकों को द्वारा मवेशियों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाने के दौरान उनके साथ किसी प्रकार का हादसा न होने पाये। कहा कि इसके लिए लोगों को जागरूक करने की भी जरूरत है। गौरतलब है कि बीते वर्ष दिसंबर में बुलंदशहर में गौ-तस्करी के शक में भारी हिंसा हुई थी। घटना में एक पुलिस इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह और सुमित नामक युवक की मौत हो गई थी। मामले में पुलिस और सरकार की खूब किरकिरी हुई थी। मॉब लिंचिंग की घटनाओं को लेकर विपक्षी दलों ने भारतीय जनता की सरकार पर जमकर निशाना साधा था।

गौ कल्याण उपकर से वित्तीय प्रबंधन
सीएम योगी ने इस वर्ष जनवरी माह में राज्य के सभी कांजी हाउस का नाम बदलक गौ-संरक्षण केंद्र (Guard Conservation Center) कर दिया था। उन्होंने सभी जिलाधिकारियों को सख्त निर्देश दिये थे कि वह जिले के आवारा और बेसहारा पशुओं को गौ-संरक्षण केंद्रों में पहुंचाने की व्यवस्था करें। इतना ही आश्रय स्थलों के वित्तीय प्रबंधन के लिए आबकारी विभाग शराब पर दो प्रतिशत 'गौ कल्याण उपकर' लगाने का प्रस्ताव भी योगी कैबिनेट में लाया गया।

Updated on:
10 Jul 2019 06:12 pm
Published on:
09 Jul 2019 02:13 pm