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UP Top News : यूपी विधान परिषद चुनाव में कीर्ति कोल को सपा ने बनाया प्रत्याशी, ईशन नदी में तैरता मिला राम नाम लिखा पत्थर

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Updated: 31 Jul 2022, 4:36 PM IST
UP Top News : यूपी विधान परिषद चुनाव में कीर्ति कोल को सपा ने बनाया प्रत्याशी, ईशन नदी में राम नाम लिखा पत्थर तैरता मिला
UP Top News : यूपी विधान परिषद चुनाव में कीर्ति कोल को सपा ने बनाया प्रत्याशी, ईशन नदी में राम नाम लिखा पत्थर तैरता मिला

यूपी विधान परिषद चुनाव में कीर्ति कोल को सपा ने बनाया प्रत्याशी

समाजवादी पार्टी ने उत्तर प्रदेश विधान परिषद सदस्य के उप चुनाव में रविवार को पार्टी का प्रत्याशी घोषित किया है। समाजवादी पार्टी ने कीर्ति कोल को अपना प्रत्याशी बनाया है जो कि एक अगस्त को नामांकन पत्र दाखिल करेंगी। दो रिक्त सीट पर होने वाले चुनाव के लिए समाजवादी पार्टी ने एक ही प्रत्याशी का नाम घोषित किया है। 11 अगस्त को इन सीटों के लिए मतदान होना है। इन दोनों सीटों पर भाजपा के उम्मीदवारों की जीत तय है। समाजवादी पार्टी ने उत्तर प्रदेश विधान परिषद उपचुनाव में श्रीमती कीर्ति कोल को पार्टी का अधिकृत उम्मीदवार घोषित किया है। कीर्ति कोल बीते विधानसभा चुनाव में मिर्जापुर के छानबे विधानसभा क्षेत्र से समाजवादी पार्टी की प्रत्याशी रह चुकीं हैं। वह समाजवादी पार्टी की राष्ट्रीय महिला सभा की सचिव भी हैं। वह पार्टी में आदिवासी समाज के साथ ही महिलाओं की आवाज को भी काफी सशक्त ढंग से उठाती हैं। चुनाव आयोग ने 18 जुलाई को इन दोनों सीटों पर उपचुनाव करवाने की घोषणा की है। दोनों सीटों पर 25 जुलाई से निर्वाचन प्रक्रिया शुरू हो गई है और 11 अगस्त को इन सीटों के लिए मतदान होना है। इन दोनों सीटों पर भाजपा के उम्मीदवारों की जीत तय है।

बांदा जेल में अफजाल अंसारी ने मुख्तार से की मुलाकात

पूर्वांचल के माफिया मुख्तार अंसारी से जेल में मुलाकात के बाद उसके भाई गाजीपुर सांसद अफजाल अंसारी मीडिया से रूबरू हुए। शासन की ओर से अब्बास पर लग रहे आरोपों के बारे में उन्होंने कहा कि वह इसकी बेगुनाही न्यायालय में साबित करेंगे। आगामी लोकसभा चुनाव के लिए षड़यंत्र करने के बारे में उनका कहना है कि वह हर बार भाजपा के मनोज सिंहा को हराते आए हैं। इस बार तीन लाख वोटों से हराएंगे। कारागार में बंद भाई से उन्होंने औपचारिक मुलाकात करने का जिक्र किया है। मंडल कारागार में बंद मुख्तार अंसारी से रविवार को उनके बड़े भाई सांसद अफजाल अंसारी ने आधा घंटे तक मुलाकात की। जेल से बाहर निकलने पर उन्होंने बताया कि मुलाकात करके आया हूं। स्वास्थ्य की चिंता रहती है। स्वास्थ्य व परिवार के लोग कैसे हैं इसके बारे में एक दूसरे से हाल.चाल लिया है।

ईशन नदी में राम नाम लिखा पत्थर तैरता मिला

मैनपुरी की ईशन नदी में राम नाम लिखा पत्थर मिलने से लोग आश्चर्य चकित हैं। ग्रामीणों का दावा है कि राम नाम लिखा यह पत्थर नदी में तैर रहा था। चरवाहों की नजर पत्थर पर पड़ गई। एक चरवाहा नदी में घुसकर पत्थर को बाहर निकाल लाया। राम नाम लिखे इस पत्थर को देखकर ग्रामीण आस्था भाव से इसकी पूजा कर रहे हैं। हालांकि विज्ञान के अनुसार पानी में पत्थर का तैरना संभव है। फिलहाल राम नाम लिखा यह पत्थर का वीडियो सोशल मीडिया में तेजी से वायरल हो रहा है। मामला कुसमरा क्षेत्र में अहमलपुर ग्राम पंचायत के पास ईशन नदी का है। जानकारी के मुताबिक रविवार को कुछ चरवाहे नदी के अपने पशु चरा रहे थे। इसी दौरान उन्हें नदी में एक पत्थर तैरता दिखाई दिया। चरवाहे पत्थर को निकालकर गांव ले आए और ग्राम प्रधान को सूचना दी। अहमलपुर ग्राम पंचायत के गांव प्रधान नितिन पांडेय ने पानी में तैरने वाले पत्थर को अपने सुपुर्द ले लिया। उन्होंने टब में पानी भरकर पत्थर डाला तो वह तैरता रहा। यह देखकर ग्रामीण हैरत में पड़ गए। जिस किसी को भी इसकी जानकारी मिली। वह इस पत्थर को देखने चला आया।

पूर्व बीडीसी सदस्य ने खुद को गोली मारकर की आत्महत्या

अयोध्या के पूरा कलंदर थाना क्षेत्र के सरियावां मजरे मिश्रौली गांव निवासी पूर्व बीडीसी सदस्य व प्रॉपर्टी डीलर ने रविवार दोपहर अपने घर के अंदर लाइसेंसी रिवाल्वर से गोली मारकर आत्महत्या कर ली। पुलिस और परिजनों की मानें तो प्रॉपर्टी डीलर महीनों से किसी बात को लेकर तनाव में रहता था। जिस वजह से परिजनों ने प्रॉपर्टी डीलर के नाम की लाइसेंसी रिवाल्वर को पड़ोसी भाई के घर में रखवा दिया था। बावजूद इसके तीन दिन पूर्व पुनः घर में वापस लाई गई रिवाल्वर से गोली मारकर आत्महत्या कर ली। मामले में प्रभारी निरीक्षक पूराकलंदर राजेश सिंह का कहना है कि सरियावां गांव के मजरे मिश्रौली गांव निवासी अफसर जावेद उर्फ सिप्पू पुत्र अब्दुल वाहिद उम्र करीब 47 वर्ष प्रॉपर्टी डीलिंग का काम करते थे। बीते दिनों कहीं किसी से लेन देन या किसी अन्य कारण से अवसाद में रहने लगे थे। परिजनों के पूछने पर भी कारण नहीं बताया। परिजन चिंतित रहा करते थे कि कहीं यह आत्महत्या न कर लें जिसके चलते उन्हें घर में कड़ी निगरानी में रखा जाता रहा और उनकी लाइसेंसी रिवाल्वर भी पड़ोसी भाई के घर में रखवा दी गई। पर परिजन तीन दिन पूर्व ही रिवाल्वर को घर लाए हुए थे। उसी लाइसेंसी रिवाल्वर से रविवार सुबह 10.15 बजे अफसर जावेद ने मौका पाकर घर के अंदर गोली मारकर आत्महत्या कर ली।

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31 Jul 2022, 4:36 PM IST
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