UP Shiksha Mitra salary increased : योगी सरकार ने शिक्षामित्रों और अनुदेशकों की सैलरी बढ़ाने का ऐलान किया है। योगी सरकार ने कहा है कि अब शिक्षामित्रों को 18 हजार रुपए वेतन मिलेगा।
लखनऊ : योगी सरकार ने शिक्षामित्रों को बड़ा तोहफा दिया है। योगी सरकार ने बजट सत्र के दौरान ऐलान किया कि अब शिक्षामित्रों को 10 हजार की जगह 18 हजार रुपए सैलरी मिलेगी। यह आदेश एक अप्रैल से लागू होगा।
योगी ने कहा कि सपा सरकार शिक्षामित्रों और अनुदेशकों को 3 हजार रुपए देती थी। हमारी सरकार ने पहले 10 हजार रुपए सैलरी की अब उसके बाद 18 हजार रुपए कर दी है। वहीं अनुदेशकों को 17 हजार रुपए देगी।
उत्तरप्रदेश में 2017 में भाजपा सरकार बनने के बाद शिक्षामित्रों के वेतन में बढ़ोत्तरी हुई थी। उस दौरान शिक्षामित्रों का वेतन तीन हजार रुपए से बढ़ाकर 10 हजार रुपए कर दिया गया था। यूपी में 1.42 लाख शिक्षामित्र और 28 हजार से अधिक अनुदेशक हैं। शिक्षा मित्रों को 11 महीने का ही मानदेय मिलता है।
सपा ने अपने शासनकाल के दौरान 2014-15 में शिक्षामित्रों को स्थायी कर दिया था। उस समय शिक्षामित्रों का वेतनमान सहायक अध्यापकों के बराबर हो गया था। लेकिन, सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर शिक्षा मित्रों का समायोजन रद्द हो गया था।
विधान परिषद में राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव का जवाब देते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्पष्ट घोषणा की थी कि शिक्षामित्र, अनुदेशक, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और आशा कार्यकत्रियों के मानदेय में बढ़ोतरी की जाएगी। साथ ही निराश्रित महिलाओं और दिव्यांगजनों की पेंशन भी बढ़ाने का निर्णय लिया गया था।